मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा विजन 2047 के तहत पुलिस और जेल विभाग की समीक्षा की, जिसमें साइबर सुरक्षा, महिला सुरक्षा और जेल सुधारों के लिए आधुनिक तकनीक और शॉर्ट टर्म प्लान पर जोर दिया गया है।
कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। सूबे के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने चंडीगढ़ में आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक में ‘हरियाणा विजन 2047’ की समीक्षा करते हुए राज्य को पूरी तरह अपराध मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा है। मुख्यमंत्री ने सेवा, पुलिस और जेल विभाग के लिए शॉर्ट टर्म एक्शन प्लान का जायजा लिया और स्पष्ट किया कि 2047 तक हरियाणा को सुरक्षित राज्य बनाने के लिए पुलिस बल को अत्याधुनिक तकनीक से लैस किया जाएगा। बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए तत्काल कदम उठाए जाएं।
साइबर सुरक्षा और महिला सुरक्षा पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री सैनी ने साइबर अपराध को जड़ से खत्म करने के लिए एक क्रांतिकारी रणनीति का सुझाव दिया है, जिसके तहत साइबर क्राइम सेल में बैंक कर्मियों की तैनाती की जाएगी। इससे अपराध की सूचना मिलते ही संबंधित बैंक खातों को तुरंत फ्रीज किया जा सकेगा, जिससे लोगों की गाढ़ी कमाई को बचाया जा सके। इसके साथ ही, महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए एक पोर्टल आधारित योजना बनाने के निर्देश दिए गए हैं, जो रात में काम करने वाली महिलाओं को सुरक्षित घर तक पहुँचाने में मदद करेगी। डायल 112 सेवा को और अधिक चुस्त-दुरुस्त बनाने के लिए नए वाहनों की खेप भी जल्द ही बेड़े में शामिल की जाएगी।
जेल सुधार और सामाजिक कल्याण का नया खाका
राज्य में जेल सुधारों को लेकर मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि फतेहाबाद में नई जेल का निर्माण कार्य 40% तक पूरा हो चुका है, जबकि पंचकूला और चरखी दादरी में भी नए जेल परिसर स्थापित किए जाएंगे। इन जेलों में कैदियों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए व्यावसायिक प्रशिक्षण (Vocational Training) दिया जाएगा। सुरक्षा के अलावा, मुख्यमंत्री ने गरीबी उन्मूलन, नशा मुक्ति और युवाओं को तकनीकी शिक्षा प्रदान करने पर भी ध्यान केंद्रित किया। इसके तहत अनुसूचित जाति (SC) और पिछड़ा वर्ग (BC) के लिए फरीदाबाद और रोहतक में 6 नए हॉस्टल और बुजुर्गों के लिए सिटीजन क्लब बनाने जैसी जनकल्याणकारी घोषणाएं भी की गईं।

