० हरियाणा-एनसीआर में 3 से 7 जून तक बदलेगा मौसम, तापमान पर रहेगा ब्रेक; कई जिलों में सामान्य से 6 डिग्री तक कम रहा पारा

हिसार। हरियाणा में इस बार जून की शुरुआत लोगों के लिए राहत भरी रहने वाली है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार पूरे महीने पश्चिमी विक्षोभ लगातार सक्रिय रहेंगे, जिसके चलते भीषण गर्मी और लू का असर अपेक्षाकृत कम रहेगा। बादलों की आवाजाही, तेज हवाएं और बीच-बीच में बारिश की गतिविधियां तापमान को नियंत्रित रखेंगी।

मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन के मुताबिक जून के पहले पखवाड़े में एक के बाद एक चार पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहे हैं। इनमें से एक नया पश्चिमी विक्षोभ 4 जून को सक्रिय होगा, जिसके प्रभाव से हरियाणा और एनसीआर क्षेत्र में 3 से 7 जून तक मौसम लगातार बदलता रहेगा। इस दौरान कई इलाकों में बादल छाने, तेज हवाएं चलने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

पश्चिमी विक्षोभ के साथ ही निम्न दाब से होती रहेगी बारिश
उन्होंने बताया कि जून माह के दौरान 7 से 8 पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकते हैं। वहीं बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में 2 से 4 निम्न दबाव क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) बनने की संभावना है, जिससे मानसूनी गतिविधियों को भी बल मिलेगा। हालांकि लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी, लेकिन वातावरण में नमी बढ़ने से उमस महसूस हो सकती है।

सामान्य से कम हुआ तापमान

मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार सोमवार को प्रदेश के कई जिलों में तापमान सामान्य से काफी नीचे दर्ज किया गया। सिरसा में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि महेंद्रगढ़ में तापमान सामान्य से 6.8 डिग्री कम होकर 35.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। करनाल में अधिकतम तापमान 32.8 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 6.8 डिग्री कम है। वहीं हिसार में पारा 38.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.7 डिग्री कम रहा।


किसानों के लिए भी फायदेमंद
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि जून के शुरुआती दिनों में मौसम का यह बदला हुआ मिजाज लोगों को गर्मी से राहत देगा और किसानों के लिए भी फायदेमंद साबित हो सकता है।