गुलशन कुमार, नारनौल. हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती राव ने सोमवार को नारनौल स्थित पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में जिला अधिकारियों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में विभिन्न विभागों द्वारा किए गए कार्यों की समीक्षा की गई। निर्धारित समय सुबह 10 बजे मंत्री आरती राव बैठक में पहुंच गई थीं, जबकि जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी (डीडीपीओ) प्रमोद कुमार करीब 10 मिनट की देरी से पहुंचे।

निलंबन की सिफारिश के दिए निर्देश

बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि बैठक का नोटिस कई दिन पहले जारी कर दिया गया था और तय समय पर बैठक शुरू हो गई थी। बैठक में जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, विधायक और जनप्रतिनिधि मौजूद थे, लेकिन डीडीपीओ समय पर उपस्थित नहीं हुए। कार्यों में लापरवाही और समय की अनदेखी को गंभीरता से लेते हुए मंत्री ने डीडीपीओ को निलंबित करने की सिफारिश की है तथा उपायुक्त (डीसी) को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

अटेली में बनेगा आधुनिक मदर एंड चाइल्ड अस्पताल

समीक्षा बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने बताया कि अटेली क्षेत्र में जल्द ही एक आधुनिक मदर एंड चाइल्ड अस्पताल स्थापित किया जाएगा। इसके लिए एक प्रतिष्ठित संस्थान के साथ समझौता ज्ञापन (एमओयू) करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है।

अस्पतालों में आधुनिक मशीनें उपलब्ध, जल्द होगी विशेषज्ञों की भर्ती

आरती राव ने बताया कि सरकारी अस्पतालों में एक्स-रे, सीटी स्कैन और अल्ट्रासाउंड जैसी आधुनिक जांच सुविधाएं उपलब्ध कराई जा चुकी हैं। हालांकि रेडियोलॉजिस्ट की कमी के कारण मरीजों को जांच के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। इस समस्या के समाधान के लिए जल्द ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति की जाएगी।

मेडिकल कॉलेज और शहीद स्मारक परियोजनाओं पर भी चर्चा

मंत्री ने कहा कि चरखी दादरी में राव तुलाराम के नाम पर प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज को लेकर क्षेत्र के कई गांवों के सरपंच और ग्रामीण उनसे मिले तथा सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने नारनौल के नसीबपुर में प्रस्तावित शहीद स्मारक परियोजना की प्रगति की जानकारी भी साझा की।

रेणु भाटिया के बयान पर बोलीं मंत्री

हरियाणा महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणु भाटिया के विवादित बयान ‘आपकी बेटी को किसी के साथ कमरे में छोड़ दूं’ पर पूछे गए सवाल के जवाब में स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि वह इस मामले में स्टाफ नर्स यूनियन से बातचीत करेंगी। उन्होंने कहा कि इस मामले में कुरुक्षेत्र के सीएमओ को पहले ही बर्खास्त किया जा चुका है और यह घटना बेहद शर्मनाक थी।

साढ़े सात करोड़ रुपये के विकास कार्यों की समीक्षा थी प्रस्तावित

मंत्री ने बताया कि पंचायत एवं विकास विभाग से जुड़े करीब साढ़े सात करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में की जानी थी। पिछले डेढ़ वर्ष के दौरान हुए कार्यों, लंबित परियोजनाओं और अधूरे विकास कार्यों की जानकारी लेने के लिए डीडीपीओ की उपस्थिति आवश्यक थी, लेकिन वे समय पर बैठक में नहीं पहुंचे।

लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं

आरती राव ने स्पष्ट कहा कि अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी और जनता से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने डीसी को निर्देश दिए कि जो अधिकारी अपने दायित्वों का सही ढंग से निर्वहन नहीं कर रहे हैं या बिना उचित कारण बैठकों से अनुपस्थित रहते हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाए।