विकास कुमार, सहरसा। सहरसा सदर अस्पताल परिसर में पत्रकार और चिकित्सक के बीच हुए विवाद एवं मारपीट की घटना को लेकर जनता दल यूनाइटेड की प्रदेश सचिव सह वरिष्ठ नेत्री स्मिता सिन्हा ने चिंता जताई है। उन्होंने घटना को निंदनीय बताते हुए जिला प्रशासन एवं पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच कर दोषी पाए जाने वाले लोगों के विरुद्ध कानून के अनुसार कार्रवाई करने की मांग की है।
जदयू नेत्री स्मिता सिन्हा ने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में समाज और शासन-प्रशासन के बीच महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वहीं चिकित्सक मानव सेवा और जीवन रक्षा जैसे महत्वपूर्ण दायित्व का निर्वहन करते हैं। ऐसे जिम्मेदार पेशों से जुड़े लोगों के बीच विवाद या हिंसक व्यवहार उचित नहीं है।
उन्होंने सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो का हवाला देते हुए कहा कि वीडियो में प्रथम दृष्टया चिकित्सक द्वारा पत्रकार के साथ अभद्र भाषा के प्रयोग एवं मारपीट की बात सामने आती है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि पूरे मामले की वास्तविक स्थिति निष्पक्ष और गहन जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
स्मिता सिन्हा ने जिला प्रशासन एवं पुलिस से मामले की पारदर्शी तरीके से जांच कराने की मांग करते हुए कहा कि जांच में जो भी पक्ष दोषी पाया जाए, उसके विरुद्ध कानून के अनुरूप सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी विवाद का समाधान आपसी संवाद, संयम और कानून के दायरे में रहकर किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पत्रकारों और चिकित्सकों सहित समाज के सभी वर्गों की सुरक्षा, सम्मान एवं गरिमा सुनिश्चित करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।
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