हरियाणा के झज्जर जिले के मुनीमपुर गांव में एक गाय को बचाने के प्रयास में कुएं में उतरे चार युवकों की जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी के कारण जान चली गई। पुलिस और राहत टीम ने शवों को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया।

झज्जर। जिले स्थित मुनीमपुर गांव में रविवार को एक बड़ा हादसा सामने आया, जहां कुएं में गिरी गाय को बचाने के प्रयास में चार युवकों की जान चली गई। प्राथमिक जानकारी के अनुसार, कुएं के भीतर बनी विषैली गैस और प्राणवायु (ऑक्सीजन) की भारी किल्लत के चलते यह दुखद घटना घटित हुई।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, सबसे पहले एक युवक गाय को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए कुएं में उतरा था। हालांकि, भीतर पहुंचते ही विषैली गैस के असर से उसकी हालत बिगड़ने लगी। उसे अचेत अवस्था में देख अन्य तीन साथी भी बिना परिस्थिति की गंभीरता को भांपे एक-एक कर कुएं में उतरते चले गए। नतीजतन चारों साथी जहरीली गैस की चपेट में आ गए और मौके पर ही उन्होंने दम तोड़ दिया।

राहत कार्य और प्रशासनिक जांच

घटना की सूचना प्राप्त होते ही स्थानीय पुलिस, प्रशासनिक अफसर और आपदा राहत दल तुरंत मुनीमपुर गांव पहुंचे। कड़ी मशक्कत के उपरांत चारों मृतकों के शवों को कुएं से बाहर निकाला गया और तत्पश्चात उन्हें शवपरीक्षण (पोस्टमार्टम) हेतु झज्जर के नागरिक अस्पताल भेजा गया।

प्रशासन की ओर से मामले की आधिकारिक जांच शुरू कर दी गई है। शुरुआती कयासों में कुएं के गहरे हिस्से में ऑक्सीजन का स्तर बेहद कम होना और हानिकारक गैसों का बनना ही मौतों की मुख्य वजह माना जा रहा है।

चिकित्सक का वक्तव्य और गांव में शोक

सिविल अस्पताल झज्जर में तैनात डॉक्टर मोहित ने जानकारी दी कि चारों युवकों को अस्पताल लाया गया था, परंतु परीक्षण के दौरान चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उन्होंने बताया कि प्रथम दृष्टया मौत का कारण कुएं के भीतर ऑक्सीजन की कमी अथवा विषैली गैस का प्रभाव प्रतीत होता है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी।

इस दुखद घटना के बाद मुनीमपुर गांव में मातम पसरा हुआ है तथा परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। स्थानीय निवासियों ने प्रशासनिक तंत्र से इस पूरे वाकये की विस्तृत पड़ताल कराने एवं भविष्य में इस प्रकार के जोखिम भरे स्थानों पर आवश्यक सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने का आग्रह किया है।