गोपीकांदर (दुमका)। दुमका के गोपीकांदर थाना क्षेत्र में एक महीने से लापता युवती की तलाश का अंत बेहद दर्दनाक तरीके से हुआ। गोगाजोड़ जंगल में पेड़ के नीचे युवती का कंकाल मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। मौके से मिले मोबाइल, कपड़े और चप्पल के आधार पर परिजनों ने अवशेषों की पहचान बबली मुर्मू के रूप में की है। पुलिस ने कंकाल को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है।

जंगल में चरवाहे को मिला था मोबाइल

बताया गया कि 10 सितंबर को जंगल में मवेशी चरा रहे एक चरवाहे को एक मोबाइल फोन मिला था। फोन को चार्ज कर चालू करने पर उसमें बबली की तस्वीरें दिखाई दीं। इसके बाद परिजनों को मोबाइल के बारे में जानकारी मिली और उन्होंने इसकी पहचान बबली के फोन के रूप में की।

मोबाइल से मिले सुराग के बाद परिजन शनिवार को गोगाजोड़ जंगल पहुंचे। वहां तलाश करने पर पेड़ के नीचे कपड़े, चप्पल और कंकाल पड़ा मिला। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और अवशेषों को कब्जे में ले लिया।

9 अगस्त से थी लापता

परिजनों के अनुसार, बबली 9 अगस्त की सुबह घर से शौच के लिए निकली थी। इसके बाद वह वापस नहीं लौटी। काफी देर तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। मोबाइल पर संपर्क किया गया तो फोन बंद मिला।

शुरुआत में परिजनों को लगा कि वह कासियाडांगाल स्थित अपने परिचित के घर चली गई होगी और शायद वहां उसका मोबाइल इस्तेमाल नहीं करने दिया जा रहा हो।

प्रेम संबंध को लेकर भी सामने आई जानकारी

मृतका की मां संगीता हांसदा ने बताया कि बबली का करीब तीन वर्षों से महेशपुर थाना क्षेत्र के कासियाडांगाल निवासी पोलूस मुर्मू के साथ प्रेम संबंध था। दोनों कथित तौर पर पारंपरिक तरीके से साथ रह रहे थे।

कुछ समय बाद दोनों मजदूरी करने दूसरे राज्य चले गए। वहां से लौटने के बाद दोनों के बीच विवाद हुआ और बबली अपने मायके गोगाजोड़ लौट आई थी। परिजनों का दावा है कि इसके बाद पोलूस उसे वापस अपने घर आने के लिए कह रहा था।

7 अगस्त को गई, अगले दिन लौट आई थी

परिजनों के मुताबिक, बबली 7 अगस्त को कासियाडांगाल गई थी और 8 अगस्त को वापस घर लौट आई थी। इसके अगले दिन यानी 9 अगस्त को वह घर से निकली, लेकिन फिर वापस नहीं आई।

हत्या की आशंका, पोस्टमार्टम से खुलेगा राज

कंकाल मिलने के बाद पुलिस ने घटनास्थल की जांच शुरू कर दी है। सोमवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि युवती की मौत किन परिस्थितियों में हुई और वह जंगल तक कैसे पहुंची।

परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। हालांकि मौत की वास्तविक वजह और घटना के पीछे की परिस्थितियां पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होंगी।