जींद। किसानों की प्रस्तावित दिल्ली कूच की पदयात्रा को देखते हुए जींद जिले में पुलिस और प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। खनोरी-दातासिंहवाला बॉर्डर को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। सीमा पर कई स्तरों की बैरिकेडिंग के साथ पत्थर और कंटेनर लगाए गए हैं, ताकि वाहनों और लोगों की आवाजाही को नियंत्रित किया जा सके। पदयात्रा को लेकर पुलिस की ओर से इलाके में विशेष निगरानी रखी जा रही है।
खनोरी-दातासिंहवाला बॉर्डर से रविवार को किसान बचाओ पदयात्रा शुरू होनी है। कार्यक्रम के अनुसार सुबह करीब 11 बजे गुरुद्वारा के पास किसानों का जुटना शुरू होगा। इसके बाद दोपहर 12:30 बजे अरदास होगी और फिर सभा का आयोजन किया जाएगा।
दोपहर करीब 3 बजे 51 किसानों का जत्था पदयात्रा के लिए रवाना होगा। पदयात्री शुभकरण सिंह के शहीदी स्थल की मिट्टी साथ लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर तक पैदल जाएंगे। इस यात्रा की दूरी करीब 228 किलोमीटर बताई गई है। यात्रा का पहला पड़ाव बेलरखा गांव में होगा, जहां पदयात्री रात में ठहरेंगे।
पदयात्रा को देखते हुए प्रशासन ने आसपास के रास्तों पर यातायात व्यवस्था में भी बदलाव किया है। खनोरी-दातासिंहवाला बॉर्डर की ओर जाने वाले वाहनों को दूसरे रास्तों से निकाला जा रहा है। पुलिस ने बैरिकेडिंग और सुरक्षा व्यवस्था के जरिए बॉर्डर क्षेत्र में आवाजाही सीमित कर दी है।
किसानों के जुटने और पदयात्रा शुरू होने के समय को देखते हुए पुलिस बल को भी अलर्ट रखा गया है। प्रशासन की कोशिश है कि यात्रा के दौरान कानून-व्यवस्था बनी रहे और यातायात प्रभावित न हो। बॉर्डर सील होने और रूट डायवर्ट किए जाने के कारण आसपास के इलाकों में आने-जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
किसान बचाओ पदयात्रा को लेकर अब खनोरी-दातासिंहवाला बॉर्डर और जींद क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था पर खास नजर है। सुबह से किसानों के जुटने के बाद दोपहर में पदयात्रा शुरू होने की संभावना है, जिसके चलते पुलिस ने पहले ही सुरक्षा इंतजाम मजबूत कर दिए हैं।
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m


