रांची। JSSC-CGL परीक्षा में कथित पेपर लीक की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, नए आरोपियों की भूमिका सामने आ रही है। CID ने इस मामले में पटना के रहने वाले राजन कुमार को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसी के अनुसार, राजन पर JSSC-CGL के अभ्यर्थियों को पश्चिम बंगाल के नियामतपुर स्थित एक होटल में ले जाकर परीक्षा से जुड़े सवाल और उनके जवाब रटवाने का आरोप है।

राजन कुमार पटना जिले के नेवरा थाना क्षेत्र का रहने वाला है और उसके पिता का नाम परमेश्वर प्रसाद बताया गया है। CID ने उसे CID थाना कांड संख्या 01/2025 में गिरफ्तार किया है।

होटल में अभ्यर्थियों को दी जा रही थी कथित तैयारी

CID की जांच में सामने आए तथ्यों के मुताबिक, राजन कुमार कई अभ्यर्थियों को पश्चिम बंगाल के नियामतपुर स्थित होटल में लेकर गया था। आरोप है कि वहां उन्हें परीक्षा में पूछे जाने वाले सवालों और उनके संभावित उत्तरों को रटवाया गया।जांच एजेंसी इस पूरे घटनाक्रम को परीक्षा से पहले अभ्यर्थियों तक कथित तौर पर प्रश्न-उत्तर पहुंचाने की कड़ी के रूप में देख रही है।

झारखंड से बाहर तक पहुंची जांच

इस गिरफ्तारी ने JSSC-CGL मामले की जांच को नया मोड़ दिया है। आरोपी बिहार का रहने वाला है, जबकि अभ्यर्थियों को ले जाने का कथित ठिकाना पश्चिम बंगाल में था।

यानी जांच अब सिर्फ झारखंड तक सीमित नहीं रह गई है। CID कथित नेटवर्क से जुड़े दूसरे राज्यों के लोगों, ठिकानों और संपर्कों की भी पड़ताल कर रही है।

पेपर लीक की कड़ी जोड़ने में जुटी CID

JSSC-CGL मामले में CID यह पता लगाने में जुटी है कि परीक्षा से पहले कथित तौर पर सवाल-जवाब अभ्यर्थियों तक कैसे पहुंचे और इसमें किन लोगों की भूमिका रही।

राजन कुमार की गिरफ्तारी को इसी जांच की अहम कड़ी माना जा रहा है। अब एजेंसी उसके संपर्कों और कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाल सकती है।हालांकि, मामले में लगाए गए आरोप जांच का हिस्सा हैं और इनकी अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया में होनी बाकी है।