भिवानी। पहाड़ी माता मंदिर के आभूषण प्रकरण के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठे सवालों के बीच प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। करीब ढाई महीने से बंद पड़ी सीसीटीवी कैमरों की लाइव मॉनिटरिंग सुविधा दोबारा शुरू कर दी गई है। अब मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारी और मुख्य पुजारी फिर से अपने मोबाइल पर मंदिर की गतिविधियों पर लाइव नजर रख सकेंगे।
पहाड़ी माता मंदिर में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी बनाने की दिशा में प्रशासन ने अहम कदम उठाया है। लंबे इंतजार के बाद मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की लाइव मॉनिटरिंग सुविधा दोबारा बहाल कर दी गई है। इससे मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारी अब एक बार फिर अपने मोबाइल फोन के जरिए मंदिर परिसर की हर गतिविधि पर रियल टाइम नजर रख सकेंगे।
दरअसल, 23 अप्रैल से मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारियों और मुख्य पुजारी के मोबाइल पर सीसीटीवी कैमरों की लाइव फीड बंद हो गई थी। इसके बाद विशेष रूप से मंदिर के आभूषण प्रकरण के बाद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लगातार सवाल उठ रहे थे और निगरानी प्रणाली बहाल करने की मांग तेज हो गई थी।
दोबारा लाइव मॉनिटरिंग की सुविधा शुरू
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह समस्या किसी सुरक्षा चूक के कारण नहीं, बल्कि तकनीकी कारणों से हुई थी। एसडीएम मनोज दलाल के अनुसार, सीसीटीवी सिस्टम का पासवर्ड बदलने के चलते ट्रस्ट पदाधिकारियों की लाइव एक्सेस बाधित हो गई थी। मामला सामने आने के बाद नया पासवर्ड जारी कर दिया गया है और अब सभी अधिकृत लोगों को दोबारा लाइव मॉनिटरिंग की सुविधा उपलब्ध करा दी गई है।
सुरक्षा व्यवस्था में नहीं बरती जाएगी लापरवाही
हालांकि, मंदिर परिसर में माता की प्रतिमा के समीप लगा एक सीसीटीवी कैमरा पिछले करीब 15 दिनों से नेटवर्क संबंधी तकनीकी खराबी के कारण बंद है। सीसीटीवी सिस्टम की देखरेख कर रहे तकनीकी विशेषज्ञ आशीष ने बताया कि इसकी सूचना संबंधित अधिकारियों को पहले ही दे दी गई है और कैमरे को जल्द चालू करने की प्रक्रिया चल रही है।
प्रशासन का कहना है कि मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरती जाएगी। तकनीकी खामियों को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जा रहा है ताकि श्रद्धालुओं और मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह मजबूत और भरोसेमंद बनी रहे।

