सुशीला देवी, गुरुग्राम। हरियाणा के गुरुग्राम से इस वक्त की एक बेहद अच्छी और बड़ी खबर सामने आई है. युवाओं को सुरक्षित और जागरूक बनाने के लिए मानेसर की महिला पुलिस टीम ने एक खास मुहिम चलाई है. पटौदी के हरिमंदिर में चल रहे 5 हरियाणा बटालियन एनसीसी के वार्षिक प्रशिक्षण शिविर यानी एनुअल ट्रेनिंग कैंप (Annual Training Camp) में पुलिस ने एक बेहतरीन जागरूकता कार्यक्रम किया. मानेसर की पुलिस उपायुक्त प्रबिना पी और महिला थाना प्रबंधक पूनम के मार्गदर्शन में पहुंची पुलिस टीम ने वहां मौजूद करीब 750 एनसीसी कैडेट्स और छात्र-छात्राओं को समाज में बढ़ रहे अपराधों से निपटने का तरीका सिखाया.

छात्राओं को दी गई सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग

इस कार्यक्रम के दौरान महिला पुलिस अधिकारियों और दुर्गा शक्ति पीसीआर स्टाफ ने छात्र-छात्राओं को महिला सुरक्षा के कानूनी नियमों के बारे में विस्तार से समझाया. पुलिस टीम ने छात्राओं को आत्मरक्षा यानी सेल्फ डिफेंस ट्रेनिंग (Self Defence Training) की बुनियादी बातें सिखाईं. इसका मुख्य उद्देश्य यह है कि किसी भी आपात स्थिति में लड़कियां बिना डरे पूरे आत्मविश्वास के साथ अपनी रक्षा खुद कर सकें. इसके साथ ही पुलिस ने सरकार की आपातकालीन सेवा डायल-112 और ट्रिप मॉनिटरिंग के बारे में भी बताया. ट्रिप मॉनिटरिंग (Trip Monitoring) का आसान मतलब यह होता है कि जब कोई महिला अकेले सफर करती है, तो पुलिस सुरक्षा के लिहाज से उसकी पूरी यात्रा पर नजर रखती है.

नशे और इंटरनेट के दुष्प्रभावों से बचने की सलाह

पुलिस टीम ने युवाओं को नशे के बढ़ते जाल से पूरी तरह दूर रहने की सलाह दी. अधिकारियों ने बच्चों को समझाया कि नशा न सिर्फ एक इंसान को बल्कि उसके पूरे परिवार को बर्बाद कर देता है. युवाओं को एक सुरक्षित और स्वस्थ समाज बनाने के लिए प्रेरित किया गया. इसके साथ ही आज के डिजिटल दौर में इंटरनेट के गलत इस्तेमाल और सोशल मीडिया पर होने वाली धोखाधड़ी यानी साइबर क्राइम (Cyber Crime) से बचने के उपाय भी बताए गए. कार्यक्रम के खत्म होने पर सभी एनसीसी कैडेट्स ने पुलिस की इस पहल की तारीफ की. सभी बच्चों ने मिलकर यह संकल्प लिया कि वे इस जरूरी संदेश को समाज के अन्य लोगों तक भी जरूर पहुंचाएंगे.