सोहराब आलम/मोतिहारी। पूर्वी चंपारण जिले के मोतिहारी स्थित जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) कार्यालय परिसर में शनिवार को उस समय अफरातफरी मच गई, जब एक 50 वर्षीय व्यक्ति की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतक की पहचान हरसिद्धि प्रखंड के राजकीय मध्य विद्यालय, गायघाट में कार्यरत शिक्षिका रश्मि स्वराज के पति अरविंद कुमार के रूप में हुई है। घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने कार्यालय परिसर में शव रखकर जमकर हंगामा और प्रदर्शन किया।

​वेतन के लिए संघर्ष और दर्दनाक अंत

​मृतक की पत्नी रश्मि स्वराज ने भावुक होकर बताया कि वर्ष 2021 में उनकी नियुक्ति हुई थी, लेकिन चार वर्षों तक उन्हें वेतन नहीं मिला। किसी तरह पिछले एक साल से वेतन मिलना शुरू हुआ, लेकिन चार वर्षों का बकाया भुगतान अभी भी लंबित है। इसी लंबित बकाया राशि के भुगतान के लिए अरविंद कुमार लगातार डीईओ कार्यालय का चक्कर लगा रहे थे। शनिवार को भी वे अपनी पत्नी को बाइक से कार्यालय लेकर आए थे। रश्मि के अनुसार, उन्होंने पति को कार्यालय के अंदर बैठाया और वे बाहर चले गए। कुछ ही देर बाद उन्हें सीने में तेज दर्द हुआ और वे जमीन पर गिर पड़े।

​परिजनों का आरोप: समय पर नहीं मिली मदद

​घटना के बाद परिजनों में गहरा आक्रोश है। रश्मि स्वराज और उनके समर्थकों का आरोप है कि पति के गिरने के तुरंत बाद उन्होंने एम्बुलेंस की मांग की, लेकिन डीईओ कार्यालय परिसर में किसी ने सुध नहीं ली। समय पर एम्बुलेंस और चिकित्सा सहायता न मिलने के कारण अरविंद कुमार ने दम तोड़ दिया। यदि उन्हें सही समय पर इलाज मिल जाता, तो शायद उनकी जान बच सकती थी। मृतक अपने पीछे एक बेटा और एक बेटी छोड़ गए हैं।

​प्रशासन का पक्ष और वर्तमान स्थिति

​घटना की सूचना मिलते ही नगर थानाध्यक्ष राजीव रंजन दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। डीईओ राजन गिरी ने स्पष्ट किया कि अरविंद कुमार अपनी पत्नी के साथ आए थे और कार्यालय परिसर में ही उन्हें अचानक सीने में दर्द उठा। उन्होंने कहा हम उन्हें अस्पताल ले जाने की तैयारी कर ही रहे थे कि उससे पहले ही उनका निधन हो गया। बकाया वेतन के मुद्दे पर डीईओ ने कहा कि वे मामले की जांच करवा रहे हैं। जैसे ही कागजात मिल जाएंगे, नियमानुसार भुगतान की प्रक्रिया पूरी कर दी जाएगी। फिलहाल, पुलिस प्रशासन परिजनों को समझा-बुझाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने का प्रयास कर रहा है ताकि स्थिति को सामान्य किया जा सके।