वीरेंद्र कुमार, नालंदा। जिले के तेल्हाड़ा थाना क्षेत्र के राढ़ील छिलका और खड्डी लोदीपुर गांव के बीच नहर से 25 वर्षीय पीजी छात्र शिवम रेक्स का शव बहता हुआ मिला है। इस घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है।
​मृतक की पहचान गोवाल बिगहा निवासी शिवम रेक्स के रूप में हुई है। खास बात यह है कि शिवम के माता-पिता दोनों हिलसा कोर्ट में अधिवक्ता हैं। परिजनों के अनुसार, शिवम के सिर पर गंभीर चोट और शरीर पर कई जख्म के निशान पाए गए हैं, जिससे उसकी बेरहमी से पिटाई कर हत्या किए जाने की आशंका मजबूत होती है।

​प्रेम प्रसंग और साजिश का जाल

​शुरुआती जांच और दोस्तों के बयानों के मुताबिक, शिवम का एकंगरसराय थाना क्षेत्र के एकंगरडीह गांव निवासी मनोज केशरी की पुत्री स्वाति केशरी के साथ प्रेम-प्रसंग चल रहा था। मृतक के दोस्त दीपक कुमार ने बताया कि दोनों एसयू कॉलेज में पीजी प्रथम वर्ष के छात्र थे और पिछले करीब छह महीने से उनके बीच लगातार बातचीत और संपर्क था।
​मृतक के पिता ओम प्रकाश ने आरोप लगाया कि कुछ समय पहले लड़की के भाई गौरव ने उन्हें फोन कर इस मामले को ‘मैनेज’ करने की बात कही थी। पिता का कहना है कि उन्हें इस बात का जरा भी अंदेशा नहीं था कि बात इतनी दूर चली जाएगी और उनके बेटे को इस तरह मौत के घाट उतार दिया जाएगा।

​ मृतक के प्रोफाइल फोटो

फोन कॉल और आखिरी बातचीत

​मृतक के बड़े भाई सत्यम केशवा ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि 14 सितंबर की शाम करीब 7:30 बजे शिवम से उनकी आखिरी बातचीत हुई थी। उस वक्त शिवम ने खुद को बिहारशरीफ में होना बताया था, जबकि परिवार का आरोप है कि वह असल में एकंगरसराय में लड़की के परिजनों के संपर्क में था।
​परिजनों का आरोप है कि शिवम को भरोसे में लेकर और बातचीत के बहाने सुनियोजित तरीके से बुलाया गया, जिसके बाद उसकी हत्या कर दी गई। परिवार ने लड़की के भाई पर पहले से भरोसा कायम कर वीडियो रिकॉर्ड करवाने और फिर साजिश के तहत जान से मारने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।

​पुलिस की कार्रवाई और जांच

​पुलिस के अनुसार, शुरुआत में नहर में एक अज्ञात शव मिलने की सूचना मिली थी। मृतक की जेब से एक मोबाइल बरामद हुआ जो पानी में भीगने के कारण बंद था। इसके बाद फॉरेंसिक (FSL) टीम की मौजूदगी में जब उस मोबाइल का सिम दूसरे फोन में डाला गया, तब हिलसा के एक अधिवक्ता का नंबर सामने आया, जिसके जरिए पुलिस ने परिजनों से संपर्क साधा।
​तेल्हाड़ा थानाध्यक्ष अजीत कुमार टिंकू ने बताया कि युवक का मोबाइल 14 सितंबर की रात करीब 8 बजे से बंद चल रहा था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि परिजनों द्वारा लिखित आवेदन मिलने के बाद आगे की कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों और हत्या के रहस्यों से पूरी तरह पर्दा उठ सकेगा।