नारायण सेवा संस्थान शाखा कैथल की मासिक बैठक में समाज के दिव्यांग और जरूरतमंद लोगों को मुफ्त सहायक उपकरण बांटे गए। इस दौरान संस्थान के पदाधिकारियों ने आगामी कल्याणकारी योजनाओं और सेवा प्रकल्पों पर विस्तार से चर्चा की।

राकेश कथूरिया, कैथल। नारायण सेवा संस्थान की मासिक बैठक का आयोजन दया गुप्ता मानव मंदिर नारायण सेवा केंद्र में पूरी श्रद्धा, सेवा भावना और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। बैठक का शुभारंभ करते हुए शाखा सचिव डॉ. नरेश गर्ग ने संस्थान के मुख्य उद्देश्यों और सेवा कार्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि समाज के कमजोर, जरूरतमंद और दिव्यांग वर्ग की सहायता करना हम सभी का परम नैतिक दायित्व है और संस्थान इसी संकल्प के साथ निरंतर आगे बढ़ रहा है। इस विशेष बैठक के दौरान संस्थान की तरफ से सामाजिक भलाई के अंतर्गत छह जरूरतमंद लोगों को निशुल्क कान की मशीनें प्रदान की गईं ताकि उन्हें सुनने में आसानी हो सके।

जरूरतमंदों को मिले निशुल्क सहायक उपकरण

बैठक के मुख्य चरण में सेवा कार्यों को आगे बढ़ाते हुए एक बुजुर्ग महिला को व्हीलचेयर और एक दिव्यांग व्यक्ति को बैसाखी भेंट की गई। इन सहायक उपकरणों को पाकर लाभार्थियों और उनके परिजनों ने नारायण सेवा संस्थान का दिल से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे निस्वार्थ सेवा कार्य समाज के उपेक्षित लोगों के जीवन में नई उम्मीद, आशा और आत्मविश्वास का संचार करते हैं। इस दौरान संस्थान के सदस्यों ने वर्तमान में चल रहे सेवा प्रकल्पों, भविष्य की कल्याणकारी योजनाओं और शहर के अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों तक समय पर मदद पहुंचाने की रणनीतियों पर गहन मंथन किया।

आत्मनिर्भरता के लिए चलते रहेंगे कार्यक्रम

इस खास मौके पर राष्ट्रीय शाखा प्रमुख डॉ. विवेक गर्ग ने नारायण सेवा केंद्र कैथल में संचालित होने वाली विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि केंद्र में कंप्यूटर प्रशिक्षण, दिव्यांग सहायता, स्वास्थ्य जागरूकता, शिक्षा सहयोग और पुनर्वास कार्यक्रम निरंतर चलाए जा रहे हैं। संस्थान का लक्ष्य केवल तात्कालिक सहायता देना नहीं, बल्कि जरूरतमंदों को आत्मनिर्भर बनाना है। बैठक में जिला प्रभारी सतपाल मंगला और सेवा प्रचारक पवन शर्मा का जन्मदिन भी सादगी से मनाया गया। जयप्रकाश गर्ग, सुरेश किछानिया, धर्मपाल कठवाड़, जितेंद्र बंसल और अशोक मंगला सहित सभी सदस्यों ने भी सेवा कार्यों को प्रभावी बनाने के लिए अपने महत्वपूर्ण सुझाव दिए। कार्यक्रम के अंत में शाखा संयोजक दुर्गा प्रसाद ने सभी का आभार जताया।