भुवनेश्वर: पवित्र श्रीक्षेत्र पुरी में आयोजित प्रतिष्ठित ‘ब्रिक्स आपदा जोखिम न्यूनीकरण कार्य समूह’ (BRICS Disaster Risk Reduction Working Group) की तकनीकी बैठक को लेकर ओड़िशा के पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने गहरा गर्व व्यक्त किया है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट साझा कर आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में ओड़िशा की अभूतपूर्व सफलता और वैश्विक पहचान को रेखांकित किया.

1999 के महाचक्रवात से अब तक का सफर
पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने कहा कि 1999 के विनाशकारी महाचक्रवात के बाद से ओड़िशा ने आपदा प्रबंधन और मुकाबले के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी बदलाव देखा है. राज्य ने हमेशा “हर एक जीवन बहुमूल्य है” के सिद्धांत को सर्वोपरि माना है. इसी नीति के आधार पर ओड़िशा ने पूरे साहस और दृढ़ता के साथ हर प्राकृतिक आपदा का सामना किया है.
दुनिया के लिए मिसाल बना ‘जीरो कैजुअल्टी’ मॉडल
नवीन पटनायक ने ओड़िशा के विश्व प्रसिद्ध ‘जीरो कैजुअल्टी’ मॉडल की सराहना करते हुए कहा कि मजबूत बुनियादी ढांचे और जनसमुदाय की सक्रिय तैयारियों के कारण ही यह संभव हो पाया है. उन्होंने जोर देकर कहा: “मजबूत इच्छाशक्ति की बदौलत ओड़िशा आज एक आपदा प्रवण राज्य की छवि से बाहर निकलकर पूरी दुनिया के लिए आपदा प्रबंधन का एक बड़ा मार्गदर्शक बन चुका है.”
ओड़िशा में पहली बार ब्रिक्स शिखर सम्मेलन
यह पहली बार है जब ओड़िशा इस स्तर के किसी अंतर्राष्ट्रीय ब्रिक्स (BRICS) सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है. इस ऐतिहासिक अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री ने बैठक में भाग लेने आए सभी ब्रिक्स देशों के प्रतिनिधियों का गर्मजोशी से स्वागत किया. साथ ही, उन्होंने एक सुरक्षित और आपदा-प्रतिरोधी भविष्य के निर्माण के लिए सामूहिक वैश्विक प्रयासों और आपसी सहयोग पर विशेष बल दिया.

