पलवल पुलिस ने 'नशा मुक्त पलवल' अभियान के तहत बड़ी कामयाबी हासिल की है। क्राइम ब्रांच होडल की टीम ने नशीले इंजेक्शनों की सप्लाई करने वाले मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस अब नशे के इस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।

दीपक भारद्वाज, पलवल। जिले में नशे के खिलाफ पुलिस का अभियान तेजी से जारी है। एसपी नीतीश अग्रवाल के निर्देशों पर क्राइम ब्रांच होडल ने नशीले इंजेक्शनों की तस्करी करने वाले मुख्य सोर्स को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने पहले रिजवान नामक आरोपी को 240 प्रतिबंधित इंजेक्शनों के साथ पकड़ा था। इसके बाद, रिमांड के दौरान हुई पूछताछ में मुख्य सप्लायर ‘वकील’ का नाम सामने आया। टीम ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाकर मठेपुर निवासी वकील को धर दबोचा। यह आरोपी लंबे समय से ट्रक ड्राइवरों और जिम जाने वाले युवाओं को नशा सप्लाई कर रहा था।

रिमांड पर आरोपी और कड़ी कानूनी कार्रवाई

क्राइम ब्रांच प्रभारी जगमिंदर सिंह के अनुसार, पकड़े गए इंजेक्शन एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) के तहत पूरी तरह प्रतिबंधित हैं। अब मुख्य आरोपी को रिमांड पर लेकर यह पता लगाया जा रहा है कि यह खेप कहां से लाई गई थी। पुलिस की जांच का दायरा अब उन लोगों तक भी पहुंच रहा है जो इस तस्करी में शामिल हैं। इसके साथ ही, पुलिस महानिरीक्षक के आदेशानुसार तस्करों की अवैध कमाई से बनाई गई संपत्ति को भी जब्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस कार्रवाई से जिले के नशा माफियाओं में भारी हड़कंप मच गया है।

नशा मुक्त पलवल ही अंतिम लक्ष्य

पुलिस अधीक्षक नीतीश अग्रवाल ने साफ संदेश दिया है कि जिले में नशे के कारोबार पर ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति अपनाई जाएगी। उन्होंने कहा कि पुलिस न केवल तस्करों को जेल भेज रही है, बल्कि उनके पूरे आर्थिक ढांचे को भी तबाह कर रही है। आम जनता से भी अपील की गई है कि वे नशे के खिलाफ पुलिस का सहयोग करें। प्रशासन का मानना है कि युवाओं को नशे के चंगुल से बचाना ही उनकी प्राथमिकता है। आने वाले दिनों में जिले के अन्य संदिग्ध इलाकों में भी इसी तरह की छापेमारी जारी रहेगी।