अजय सैनी, भिवानी। स्थानीय हनुमान ढाणी स्थित भारत शिक्षा सदन में आयोजित समर कैंप के तीसरे दिन बच्चों को कला और रचनात्मकता से जुड़ा विशेष अनुभव मिला। इस अवसर पर केशव कला विकास एवं अनुसंधान समिति के अध्यक्ष एवं संस्कार भारती हरियाणा के विभाग संयोजक प्रसिद्ध चित्रकार शिव कुमार ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने बच्चों को चित्रकला की बारीकियों से अवगत कराया और कला के महत्व पर प्रेरणादायी विचार साझा किए।

समर कैंप में करीब 70 बच्चों ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान चित्रकार शिव कुमार ने बच्चों को रंगों की दुनिया से परिचित कराया। उन्होंने केवल सैद्धांतिक जानकारी ही नहीं दी, बल्कि बच्चों के सामने लाइव पेंटिंग बनाकर भी दिखाई। कैनवास पर उभरती सुंदर प्राकृतिक पेंटिंग को देखकर बच्चे बेहद उत्साहित नजर आए। इस दौरान बच्चों ने कला की तकनीकों को करीब से समझा और रचनात्मक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।

बच्चों को संबोधित करते हुए शिव कुमार ने कहा कि वर्तमान समय में कला का महत्व और भी बढ़ गया है। उन्होंने कहा कि कला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि जीवन को सकारात्मक दिशा देने वाली शक्ति है। कला व्यक्ति को तनाव, निराशा और नकारात्मक सोच से बाहर निकालकर नई ऊर्जा प्रदान करती है।

उन्होंने कहा कि “कला ही जीवन है और यह नकारात्मकता को सकारात्मकता में बदलने का काम करती है।” उनके विचारों ने बच्चों और उपस्थित लोगों को काफी प्रभावित किया।

कार्यक्रम में भारत शिक्षा सदन एवं केशव कला विकास एवं अनुसंधान समिति के पदाधिकारियों ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि चित्रकला और अन्य कलाओं के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है। वॉल पेंटिंग और रचनात्मक अभिव्यक्तियों के जरिए सामाजिक जागरूकता फैलाने में कला की महत्वपूर्ण भूमिका है।

विद्यालय की प्रधानाचार्य कमला भारद्वाज ने कार्यक्रम में पहुंचे अतिथि का स्वागत करते हुए कहा कि इस प्रकार के व्यावहारिक और रचनात्मक सत्र बच्चों की प्रतिभा को निखारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इससे बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ता है और उनकी कल्पनाशक्ति को नई उड़ान मिलती है।

इस अवसर पर विकास चांवरिया, राजेश शर्मा सहित विद्यालय के शिक्षक, स्टाफ सदस्य और बड़ी संख्या में विद्यार्थी मौजूद रहे। कार्यक्रम का समापन बच्चों के उत्साह और कला के प्रति नई प्रेरणा के साथ हुआ।