निर्देशक रणजीत चौहान और निर्माता तरुण मोर की आगामी फिल्म 'पंचायत' हरियाणा की ग्रामीण राजनीति और सामाजिक हकीकत को बड़े पर्दे पर पेश करने जा रही है।

अजय सैनी, भिवानी। हरियाणवी सिनेमा एक बार फिर अपनी खोई हुई चमक वापस पाने के लिए पूरी तरह तैयार नजर आ रहा है। ‘चंद्रावल’ फिल्म के दौर वाली गौरवशाली विरासत को आगे बढ़ाते हुए निर्देशक रणजीत चौहान और निर्माता तरुण मोर की आगामी फिल्म ‘पंचायत’ इन दिनों गलियारों से लेकर सोशल मीडिया तक चर्चा का केंद्र बनी हुई है। यह फिल्म हरियाणा की समृद्ध संस्कृति, जटिल ग्रामीण राजनीति और समाज के अनछुए पहलुओं को बड़े पर्दे पर उतारने का एक साहसिक और ईमानदार प्रयास है।

फिल्म की स्टारकास्ट और अनूठी कहानी

इस फिल्म की सबसे बड़ी विशेषता इसकी सधी हुई कास्टिंग है। युवा कलाकार बजरंग शर्मा और फ्र्राटा कौशिक की नई जोड़ी पहली बार बड़े पर्दे पर अपनी शानदार केमिस्ट्री दिखाएगी। फिल्म में केवल मुख्य कलाकार ही नहीं, बल्कि हनुमान केपी, अक्षय सवडिय़ा, अजय कुंडू, गुंजन शर्मा और पिंकी जैसे मंझे हुए कलाकारों ने भी अपनी भूमिकाओं में जान फूंकी है। कलाकारों का ठेठ देसी लहजा और स्वाभाविक अभिनय दर्शकों को सीधे गांव की चौपाल से जोड़ने का दम रखता है। हाल ही में फिल्म ‘लाईसेंस’ के साथ सफलता का स्वाद चख चुके निर्देशक रणजीत चौहान अब ‘पंचायत’ के माध्यम से एक परिपक्व (मैच्योर) सिनेमा की ओर कदम बढ़ा रहे हैं, जिसे लेखक राकेश धिराणा ने अपने सपनों और हकीकत के ताने-बाने से बुना है।

हरियाणवी सिनेमा के लिए नया अध्याय

फिल्म की शूटिंग हरियाणा की वास्तविक लोकेशन्स पर की गई है, जिससे इसके हर दृश्य में सजीवता और वास्तविकता नजर आती है। यह फिल्म न केवल मनोरंजन का साधन है, बल्कि हरियाणवी युवाओं के संघर्ष और उनके अधिकारों की एक सशक्त आवाज भी है। धिराणा की लेखनी में हरियाणा की बोली की मिठास और ग्रामीण जीवन की कड़वी सच्चाइयों का अद्भुत मिश्रण झलकता है। टीम का मुख्य उद्देश्य हरियाणवी सिनेमा को उस राष्ट्रीय स्तर पर ले जाना है, जहाँ आज दक्षिण भारतीय या मराठी सिनेमा मजबूती से खड़ा है। फिल्म का टीजर और पोस्टर आने से पहले ही युवाओं के बीच इसे लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।

विशेष सम्मान और भविष्य की उम्मीदें

फिल्म की गुणवत्ता और टीम के जुनून को देखते हुए श्री संकट मोचन धाम सुई के अध्यक्ष और प्रसिद्ध शिक्षाविद डॉ. उमेद शर्मा ने न केवल फिल्म की जमकर सराहना की है, बल्कि पूरी टीम का हौसला बढ़ाने के लिए उन्हें अपने आवास पर आमंत्रित कर सम्मानित भी किया। डॉ. शर्मा का मानना है कि इस तरह के प्रोजेक्ट्स हरियाणवी प्रतिभाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नए द्वार खोलेंगे। फिल्म प्रेमियों का मानना है कि जिस तरह से ‘पंचायत’ की चर्चा हो रही है, यह हरियाणवी सिनेमा के इतिहास में एक नया अध्याय लिखने का काम करेगी।