पटना। पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक युवती को तीन युवकों द्वारा चार घंटे तक बंधक बनाकर प्रताड़ित करने का मामला सामने आया है। पीड़िता एक गर्ल्स हॉस्टल में रहती है और घटना के वक्त वह अपने पुराने किराए के फ्लैट में अपना छूटा हुआ सामान लेने गई थी, जहां दरिंदों ने उसके साथ गंभीर आपराधिक कृत्य को अंजाम दिया।

​सामान लेने गई युवती को बनाया गया शिकार

​पीड़िता (28 वर्ष) वर्तमान में एक गर्ल्स हॉस्टल में रह रही है। इससे पहले वह एक किराए के फ्लैट में रहती थी, जहां से उसका कुछ जरूरी सामान छूटा हुआ था। इसी सामान को लाने के लिए वह 6 अगस्त को दोपहर करीब 2 बजे अपने पुराने किराए के फ्लैट पर पहुंची थी। फ्लैट पर पहुंचते ही वहां मौजूद युवकों ने उसकी लाचारी का फायदा उठाया और उसे अपनी साजिश का शिकार बना लिया।

​शेक में मिलाकर दी बेहोशी की दवा

​पीड़िता के अनुसार, जब वह फ्लैट पर पहुंची तो वहां मुख्य आरोपी सौरभ कुमार अपने साथियों के साथ मौजूद था। सौरभ ने उसे पीने के लिए एक शेक दिया, जिसमें पहले से ही बेहोशी की नशीली दवा मिलाई गई थी। उस शेक को पीते ही पीड़िता की सुध-बुध खोने लगी और वह नशे की हालत में चली गई। इसके बाद आरोपियों ने उसे अगले 4 घंटे तक अपने कब्जे में बंधक बनाकर रखा।

​छेड़खानी, दुर्व्यवहार और जानलेवा हमला

​नशे की हालत में अहोश हो चुकी युवती के साथ आरोपियों ने जमकर दुर्व्यवहार किया और छेड़खानी की। पीड़िता ने अपने बयान में रोते हुए बताया कि वह पूरी तरह नशे में थी, इसलिए उसे ठीक से याद नहीं है कि उस दौरान उसके साथ और क्या-क्या हुआ। आरोपियों में सौरभ के अलावा अमन, रोहन, सूरज और उनके अन्य सहयोगी शामिल थे। इन सभी ने मिलकर पीड़िता पर जानलेवा हमला भी किया।

​गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज, तीन आरोपी गिरफ्तार

​मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन तुरंत हरकत में आया। सेंट्रल एसपी ममता कल्याणी ने इस पूरे घटनाक्रम की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पीड़िता के बयान के आधार पर आरोपियों के खिलाफ हत्या की कोशिश, छेड़खानी, किसी महिला को बलपूर्वक निर्वस्त्र करने और साक्ष्य को मिटाने जैसी बेहद गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की गई है।

​मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार

​पुलिस अधिकारियों के अनुसार, पीड़िता का मेडिकल परीक्षण करा लिया गया है। हालांकि, अभी तक मेडिकल रिपोर्ट हाथ नहीं लगी है। पुलिस का कहना है कि रिपोर्ट आने के बाद इस मामले में कई और कानूनी और चिकित्सीय परतें खुलेंगी, जिसके आधार पर आगे की सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। पुलिस अन्य फरार सहयोगियों की तलाश में भी लगातार छापेमारी कर रही है।