Rajasthan News: राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा की विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी पर की गई विवादित टिप्पणी ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है। इस मामले में सोमवार को स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं ने अजमेर के आगरा गेट के पास गणेश मंदिर के सामने विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने डोटासरा का प्रतीकात्मक पुतला एलिवेटेड रोड पर टांग दिया और उसकी चप्पलों से पिटाई करने के बाद आग लगा दी।

विधानसभा अध्यक्ष पर अभद्र टिप्पणी का विरोध
भाजपा पदाधिकारियों ने इस प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की निंदा की और कहा कि वासुदेव देवनानी की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाली टिप्पणी निंदनीय है। उनका यह भी कहना था कि इस तरह की टिप्पणी का कड़ा विरोध किया जाएगा। वहीं, पूर्व अजमेर शहर कांग्रेस अध्यक्ष विजय जैन ने इस घटना की निंदा करते हुए कहा कि राजनीतिक मतभेदों को दर्शाने के लिए मर्यादा का उल्लंघन करना गलत है। उन्होंने पुतला फूंकने की घटना को शहर की सामाजिक स्थिरता के लिए हानिकारक बताया और पुलिस को लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। जैन ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन उचित कदम नहीं उठाता है, तो विरोध प्रदर्शन तेज किया जाएगा।
गोविंद सिंह डोटासरा ने क्या कहा?
विवाद तब शुरू हुआ जब विधानसभा सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष टीकीराम जूली ने सदन में लगे दो हिडन कैमरों का विरोध किया था। उन्होंने इन कैमरों को ‘जासूसी कैमरे’ करार देते हुए कहा कि ये कांग्रेस विधायकों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए लगाए गए हैं। इसके बाद उन्होंने राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े से मुलाकात कर इन्हें हटाने की मांग की और एक ज्ञापन सौंपा। इसी मुद्दे पर गोविंद सिंह डोटासरा ने विधानसभा स्पीकर वासुदेव देवनानी पर तीखा हमला बोला। डोटासरा ने कहा कि स्पीकर दो छिपे हुए कैमरों वाली महिलाओं को देखना चाहते हैं, उनके कपड़े, स्थिति और बातचीत पर ज्यादा फोकस है। उन्होंने कहा कि जिसे शर्म नहीं, उसे डूब मरना चाहिए।
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