Abhishek Banerjee Property Dispute: पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन होने के बाद से ममता बनर्जी के भतीजे और सांसद अभिषेक बनर्जी बीजेपी सरकार के निशाने पर हैं। बंगाल की सुवेंदु सरकार अभिषेक बनर्जी को बिलकुल भी बख्शने के मूड में नहीं है। टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी की कई संपत्तियां जांच के दायरे में आ गई है। कोलकाता नगर निगम यानी केएमसी (Kolkata Municipal Corporation) ने अभिषेक बनर्जी की 17 संपत्तियों का हिसाब-किताब मांगने के लिए नोटिस भेजा है। वहीं एक संपत्ति में सयानी घोष का नाम भी है। उन्हें ज्वाइंट ऑनरशिप दिखाया गया है। सवाल ये है कि क्या यह टीएमसी सांसद सयानी घोष हैं या फिर कोई और?
अभिषेक बनर्जी की प्रॉपर्टी में कथित सयानी घोष नाम की महिला का नाम आने पर टीएमसी सांसद सयानी घोष (Saayoni Ghosh) ने प्रतिक्रिया दी है। टीएमसी सांसद उन्होंने ट्वीट कर कहा कि अभी कुछ फॉरवर्ड देखे कि अभिषेक बनर्जी और सयानी घोष मिलकर 19 D सेवन टैंक्स रोड, कोलकाता 700030 नाम की एक प्रॉपर्टी के मालिक हैं, जिसमें कॉन्टैक्ट के तौर पर कोई मोबाइल नंबर नहीं है।
सयानी घोष ने आगे लिखा कि- मैं यह नहीं कह सकता कि यह कौन है, लेकिन यह निश्चित रूप से वह सयानी घोष नहीं है जिसने एक साधारण बैकग्राउंड से शुरुआत की और आज तक पॉलिटिक्स से कोई बड़ा प्रॉफिट नहीं कमाया। लोगों ने बस मुझे आशीर्वाद दिया और मैं शुक्रगुजार हूं। मैं चाहता हूं कि मेरे वोटर्स को पता चले कि मेरे एसेट्स मेरे इलेक्शन एफिडेविट में बताए गए हैं। रिकॉर्ड चेक करें। जो लोग बिना किसी सबूत के मुझे बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं -अभी रुकें! प्लीज जान लें, मैं एक इंच भी नहीं हटूंगा, मैं इसे पास नहीं होने दूंगा। फेक न्यूज़ फैलाने पर लीगल एक्शन लिया जाएगा। इस ‘घोष’ को धमकाया नहीं जाएगा। मैं कोबीगुरु की धरती से हूं; ‘जहां मन बिना डरे हो और सिर ऊंचा हो।
अभिषेक बनर्जी से जुड़ी 17 संपत्तियों को नोटिस
बता दें कि कोलकाता नगर निगम ने अभिषेक बनर्जी की 17 संपत्तियों का हिसाब-किताब मांगने के लिए नोटिस भेजा है। केएमसी ने मंगलवार को उनके दो घरों कालीघाट रोड और शांतिनिकेतन बिल्डिंग को लेकर नोटिस भेजा था। अभिषेक बनर्जी की संपत्तियों में से एक में सयानी घोष का नाम है। मतलब ज्वाइंट ऑनरशिप दिखाया है यानी एक फ्लैट में दो नाम। कोलकाता नगर निगम की इस लिस्ट में अभिषेक को 19D सेवन टैंक रोड स्थित एक फ्लैट का मालिक बताया गया है। इसी डॉक्यूमेंट में सयानी घोष को इस संपत्ति का संयुक्त मालिक बताया गया है।
इन सवालों के मांगे गए जवाब
नोटिस में कहा गया है कि जहां बिल्डिंग का निर्माण हुआ है, वह नक्शे के मुताबिक नहीं है. जो नक्शे से अलग बना है, उसे सात दिनों के अंदर तोड़ना होगा। अगर नोटिस का जवाब नहीं मिलेगा तो एक और नोटिस दिया जाएगा। इसके बाद नगर निगम खुद उस अवैध निर्माण को तोड़ देगा। हाल ही में सीएम शुभेंदु अधिकारी ने दावा किया था कि अभिषेक के पास कुल 24 संपत्तियां हैं जो जांच के दायरे में हैं।
‘चिकन नेक’ पर सीएम सुवेंदु अधिकारी का बड़ा फैसला, केंद्र को सौंपी 120 एकड़ जमीन, बांग्लादेश अब क्या करेगा?
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m

