वहीं साजिद का बेटा नवीद अकरम (24 वर्षीय) ऑस्ट्रेलियाई नागरिक हैं. साजिद की एक बेटी भी है. तेलंगाना पुलिस के मुताबिक पहले भारत में साजिद के खिलाफ कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है. आतंकी हमले में 15 लोगों की मौत हुई है, वहीं 40 से ज्यादा लोग घायल हैं. आतंकी साजिद भी पुलिस की फायरिंग में मारा गया, जबकि उसका बेटा घायल है. ऑस्ट्रेलियाई अधिकारियों ने इसे आईएसआईएस (ISIS) विचारधारा से प्रेरित आतंकवादी हमला घोषित किया है.
आखिरी बार 2022 में भारत आया था साजिद
भारत में मौजूद साजिद के रिश्तेदारों के मुताबिक, पिछले 27 सालों में साजिद का परिवार से संपर्क बहुत कम रहा. वह ऑस्ट्रेलिया जाने के बाद छह बार भारत आया. इसके पीछे संपत्ति और बुजुर्ग माता-पिता से जुड़े पारिवारिक कारण थे. इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक साजिद आखिरी बार 2022 में भारत आया था. बताया गया है कि वह अपने पिता के निधन के समय भी भारत नहीं आया. परिवार का कहना है कि उन्हें साजिद या नवीद के कट्टरपंथी विचारों या गतिविधियों की कोई जानकारी नहीं थी.
इससे पहले CNN ने फिलीपींस के अधिकारियों के हवाले से बताया था कि साजिद अकरम अपने बेटे नवीद के साथ पिछले महीने 1 नवंबर को फिलीपींस गया था. इस दौरान साजिद ने इंडियन जबकि उसके बेटे ने ऑस्ट्रेलियन पासपोर्ट का इस्तेमाल किया था. वो लोग एक महीने से हमले की तैयारी कर रहे थे.
फिलीपींस में ‘मिलिट्री ट्रेनिंग’ का शक और भारतीय पासपोर्ट का इस्तेमाल
इस मामले में एक चौंकाने वाला खुलासा यह हुआ है कि हमले से कुछ ही हफ्ते पहले, बाप-बेटे की यह जोड़ी फिलीपींस गई थी. बीबीसी ने अधिकारियों के हवाले से बताया है कि वे 1 नवंबर से 28 नवंबर के बीच फिलीपींस में थे और ऐसी खबरें हैं कि वे वहां ‘मिलिट्री-स्टाइल ट्रेनिंग’ लेने गए थे. सबसे अहम बात यह है कि इस यात्रा के लिए साजिद अकरम ने अपने ‘भारतीय पासपोर्ट’ का इस्तेमाल किया, जबकि उसके बेटे नवीद ने ऑस्ट्रेलियाई पासपोर्ट का.
Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m

