लखनऊ. एक हिंदी न्यूज चैनल पर टीवी डिबेट के दौरान राजनीतिक विश्लेषक संगीत कुमार रागी की टिप्पणी को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. उन्होंने समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता मनोज काका के लिए जातिसूचक और अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया. मामला बढ़ने के बाद सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई. विवाद के बीच संगीत कुमार रागी ने माफी मांग ली है. उन्होंने सफाई दी कि उनकी टिप्पणी किसी पूरे समुदाय के लिए नहीं थी.
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डिबेट में मनोज काका से हुई तीखी बहस
डिबेट के दौरान किसी मुद्दे पर संगीत कुमार रागी और सपा प्रवक्ता मनोज काका के बीच बहस हो गई. इस दौरान रागी ने आपा खो दिया. उन्होंने मनोज काका के लिए ‘बेहूदा अहिर’ और ‘गंवार’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया. उन्होंने उनकी भाषा पर भी आपत्ति जताई. जवाब में मनोज काका ने भी रागी के लिए अपमानजनक शब्द कहे.
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
डिबेट का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर विवाद बढ़ गया. अलग-अलग राजनीतिक दलों के समर्थक इस मुद्दे पर अपनी प्रतिक्रिया देने लगे. भाजपा, सपा और कांग्रेस समर्थकों के बीच भी बहस देखने को मिली. जातिसूचक टिप्पणी को लेकर रागी की आलोचना की गई.
संगीत कुमार रागी ने पोस्ट कर मांगी माफी
विवाद बढ़ने के बाद संगीत कुमार रागी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपना पक्ष रखा. उन्होंने लिखा कि मनोज काका ने डिबेट में उन्हें गाली दी और पहले भी निजी टिप्पणियां की थीं. रागी के मुताबिक, उन्होंने जवाब में ‘गंवार’ शब्द का इस्तेमाल ऐसे लोगों के लिए किया था. उनके अनुसार, बातचीत में ‘अहिर’ शब्द सहचर के रूप में आ गया. रागी ने कहा कि उनका इरादा किसी पूरे समुदाय को निशाना बनाने का नहीं था. हालांकि, उन्होंने माना कि कुछ लोगों की भावनाएं आहत हुई होंगी. इसके लिए उन्होंने माफी भी मांगी.
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दिल्ली यूनिवर्सिटी में प्रोफेसर हैं रागी
संगीत कुमार रागी राजनीतिक विश्लेषक होने के साथ दिल्ली यूनिवर्सिटी में राजनीति विज्ञान के प्रोफेसर हैं. वह टीवी डिबेट में अक्सर भाजपा के पक्ष में तर्क रखते नजर आते हैं. वह संस्कृति मंत्रालय की प्रधानमंत्री संग्रहालय परियोजना की विषय सूची समीक्षा समिति के सदस्य भी रह चुके हैं. उन्होंने ‘RSS और गांधी: भारत का विचार’ नाम की पुस्तक भी लिखी है. वहीं, मनोज काका टीवी बहसों में समाजवादी पार्टी का पक्ष रखते हैं.

