संगरूर। पंजाब के संगरूर जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहां एक दामाद ने गुस्से में आकर अपने ही ससुर और साले की गोली मारकर हत्या कर दी। यह दुखद घटना कल रात की है, जब पीड़ित अपनी बेटी के घर चल रहे घरेलू झगड़े को शांत करवाने पहुंचे थे।
मिली जानकारी के अनुसार, पटियाला जिले के गांव बस्सी रसोली के निवासी लखबीर सिंह ने अपनी बेटी वीरपाल कौर की शादी गांव शादीहरी के गुरविंदर सिंह के साथ की थी। शादी के बाद से ही पति-पत्नी के बीच अक्सर अनबन रहती थी। बुधवार रात जब विवाद ज्यादा बढ़ गया, तो वीरपाल ने अपने पिता को फोन कर जानकारी दी। लखबीर सिंह अपने बेटे जगसीर सिंह के साथ बेटी के ससुराल पहुंचे ताकि बातचीत से मसला सुलझाया जा सके।

नशे की हालत में दामाद ने चलाई गोलियां
बातचीत के दौरान विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपी गुरविंदर सिंह आपा खो बैठा। उसने घर में रखी अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर निकाली और अपने ससुर और साले पर फायरिंग कर दी। गोलियों की आवाज से इलाके में दहशत फैल गई। दोनों को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन घाव गहरे होने और अधिक खून बह जाने के कारण डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
डीएसपी डॉ. आर.के. बाजवा ने बताया कि वारदात के समय आरोपी नशे की हालत में था। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। पुलिस को रात करीब 1 बजे इस घटना की जानकारी मिली, जबकि वारदात रात 9:30 बजे के आसपास हुई थी। थाना प्रभारी मेजर सिंह ने बताया कि पुलिस ने आरोपी गुरविंदर सिंह के खिलाफ हत्या और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया है। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और फॉरेंसिक टीम ने भी मौके से सबूत जुटाए हैं।
- किसानों का बड़ा प्रदर्शन : खाद संकट और महंगाई से आक्रोशित किसान सैंकड़ों ट्रैक्टरों के साथ सड़क पर उतरे, चक्काजाम कर सरकार के खिलाफ की नारेबाजी
- मेरी बहू… श्रवण कुमार! 90 वर्षीय सास को सिर पर बिठाकर कराई परिक्रमा, मेवात में हुआ भव्य स्वागत
- रेप के आरोप में SI को जेल: शादी का झांसा देकर युवती को बनाया था हवस का शिकार, जानें पूरा मामला
- चोरी तो रोज होती थी, मैंने शिकायत की तो चंपत राय ने मुझे हटा दिया..! चढ़ावे में 7 करोड़ के गबन का दावा, पूर्व लेखा प्रभारी ने खोली ट्रस्ट की पोल
- हांसी के चानौत गांव में पानी के लिए चल रहे धरने को आप का समर्थन, सुशील गुप्ता बोले- गांवों को प्यासा रखने वाली सरकार को सत्ता का हक नहीं

