धर्मेंद्र यादव, निवाड़ी। जिले के प्रसिद्ध धार्मिक और पर्यटन नगरी ओरछा तहसील के हरदौल बैठका क्षेत्र में अचानक भीषण आग लग गई। इस अग्निकांड में देखते ही देखते करीब 16 मनिहारी की दुकानें जलकर पूरी तरह खाक हो गई। आग इतनी तेजी से फैली कि गरीब दुकानदारों को अपना सामान बचाने का मौका तक नहीं मिला। इस हादसे में छोटे व्यापारियों को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ा है।
ये भी पढ़ें : देवास पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट केस: मुख्य आरोपी दिल्ली एयरपोर्ट से गिरफ्तार, विस्फोट में 6 लोगों की गई जान
घटना स्थल में पहुंचे विधायक और कलेक्टर
घटना की जानकारी मिलते ही निवाड़ी विधानसभा क्षेत्र के विधायक अनिल जैन, कलेक्टर जमुना भिड़े, मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष महेश केवट, स्थानीय तहसीलदार और थाना प्रभारी सहित भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अमला तुरंत मौके पर पहुंचा।
विधायक और कलेक्टर ने दुकानदारों को दी सांत्वना
विधायक और कलेक्टर ने प्रभावित गरीब दुकानदारों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया। प्रशासन की ओर से पीड़ितों को तत्काल राहत देने की बड़ी घोषणा की गई है। जिसके तहत प्रभावित दुकानदारों को 12,000 रुपये की प्रशासनिक सहायता दी जाएगी। इसके साथ ही विधायक अनिल जैन ने अपनी ओर से 5,000 रुपये की अतिरिक्त आर्थिक मदद देने का ऐलान किया है।
साजिश या हादसा?
अचानक लगी इस आग के कारणों का अभी तक सटीक पता नहीं चल पाया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है। घटना स्थल और उसके आसपास लगे सभी सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं जिससे आग लगने की असली वजह सामने आ सके।
विधायक अनिल जैन ने बताया कि पुलिस पूरे मामले की बारीकी से जांच कर रही है। यदि किसी शरारती तत्व ने जानबूझकर इस घटना को अंजाम दिया है या किसी की साजिश सामने आती है, तो उसके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
ये भी पढ़ें : महिला अधिकारी से 11 लाख की ठगी: शेयर बाजार में निवेश का दिया लालच, लोकसेवा केंद्र के कर्मचारी ने लगाया चूना
मलबे में तब्दील हुआ दुकानदारों का आशियाना
आगजनी में दुकानों के अंदर रखा मनिहारी का सामान, कपड़े, कॉस्मेटिक्स और अन्य सामग्रियां जलकर पूरी तरह नष्ट हो चुकी हैं। दुकानदारों के मुताबिक यह दुकानें ही उनके घर का खर्च चलाने का एकमात्र जरिया थीं। अचानक हुए इस हादसे ने कई गरीब परिवारों के सामने रोजी-रोटी का बड़ा संकट खड़ा कर दिया है।

