संजीव, सोनीपत। अपनी लंबित मांगों को लेकर नगर निगम कर्मचारियों का गुस्सा मंगलवार को सड़कों पर खुलकर देखने को मिला। लंबे समय से सरकार के खिलाफ आंदोलन कर रहे कर्मचारियों ने शहर के सुभाष चौक पर जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए उनका पुतला बनाया, उसकी आरती उतारी, जूते-चप्पलों से पिटाई की और बाद में अंतिम संस्कार कर पुतला फूंक दिया। प्रदर्शन के दौरान माहौल पूरी तरह आंदोलनकारी रंग में नजर आया।

कर्मचारियों का आरोप है कि सरकार लगातार उनकी मांगों की अनदेखी कर रही है। कई बार ज्ञापन देने और विरोध प्रदर्शन करने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया, जिसके चलते उन्हें सड़कों पर उतरकर आंदोलन तेज करना पड़ा। कर्मचारियों ने कहा कि यह लड़ाई केवल वेतन वृद्धि या सुविधाओं की नहीं, बल्कि उनके सम्मान और भविष्य की भी है।

प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द उनकी मांगों को नहीं माना तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। कर्मचारियों का कहना था कि नगर निगम व्यवस्था को सुचारु रूप से चलाने में कर्मचारियों की अहम भूमिका होती है, लेकिन सरकार उनकी समस्याओं को गंभीरता से लेने के बजाय लगातार टालमटोल कर रही है।

इस आंदोलन को राजनीतिक समर्थन भी मिलता दिखाई दिया। प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे कुणाल गहलावत ने कर्मचारियों को समर्थन देते हुए कहा कि सरकार की मनमानी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कर्मचारियों की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है, लेकिन इनेलो पार्टी उनकी लड़ाई को सड़क से लेकर सदन तक उठाने का काम करेगी।

वहीं आनंद खत्री ने भी कर्मचारियों के समर्थन में बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि यदि उनकी सरकार बनती है तो सबसे पहले ठेका प्रथा को समाप्त किया जाएगा और कर्मचारियों को उचित वेतन व सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि किसी भी व्यवस्था की रीढ़ कर्मचारी होते हैं, इसलिए सरकार को उनकी मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए।फिलहाल नगर निगम कर्मचारियों का यह आंदोलन पूरे शहर में चर्चा का विषय बना हुआ है। अब सभी की निगाहें सरकार की अगली कार्रवाई और कर्मचारियों की आगामी रणनीति पर टिकी हुई हैं।