मनेंद्र पटेल, दुर्ग। छत्तीसगढ़ की दुर्ग पुलिस और एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) ने उड़ीसा से छत्तीसगढ़ में गांजा सप्लाई करने वाले और दुर्ग जिले में खपाने वाले दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे से करीब 7 लाख 25 हजार रुपए का 14 .5 किलो गांजा जब्त किया है। आरोपियों ने गांजे को कार के दरवाजे में गुप्त चेंबर बनाकर छिपाया था, लेकिन गांजे की खुशबू ने पूरा राज खोल दिया।

क्या है पूरा मामला ?

कुम्हारी थाना पुलिस और एसीसीयू दुर्ग की टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि आरोपी ओडिशा से एक क्रेटा कार में अवैध गांजा परिवहन कर महासमुंद, रायपुर होते हुए दुर्ग-भिलाई क्षेत्र में खपाने के लिए ला रहे हैं, जिसके बाद टीम ने कुम्हारी ओवरब्रिज के नीचे घेराबंदी कर रायपुर की ओर से आ रही संदिग्ध क्रेटा कार को रोक लिया।

कार से गंध आने पर खुला राज

टीम ने जब कार की जांच की, तो उसके अंदर से गांजे की तेज गंध आ रही थी। गंध आते ही पुलिस का शक यकीन में बदल गया। गाड़ी की बारीकी से तलाशी लेते हुए दरवाजों के फाइबर को हटाया गया, तो अंदर छिपे गांजे के पैकेट देखकर पुलिस भी हैरान रह गई।

आरोपियों ने किए चौंकाने वाले खुलासे

टीम ने मौके से कार सवार मुख्य तस्कर तीरथा ठेला (निवासी राजा खरियार, ओडिशा) को हिरासत में लिया। उससे कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने दुर्ग-भिलाई में गांजे के खरीदार किशन जगत (निवासी कुम्हारी) का नाम उगला, जिसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए खरीदार को भी धर दबोचा। आरोपियों ने कबूल किया कि वे ओडिशा के कंधमाल क्षेत्र से सस्ते दामों में गांजा खरीदकर दुर्ग-भिलाई क्षेत्र में महंगे दामों में अवैध बिक्री के लिए ला रहे थे।

दोनों आरोपी पहुंचे जेल

पुलिस ने आरोपियों के पास से 14.5 किलो गांजा, क्रेटा कार, 22 हजार रुपये नगद और मोबाइल फोन जब्त किया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ कुम्हारी थाने में एनडीपीएस (NDPS) एक्ट की धारा 20(बी) और 29 के तहत मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया गया है।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m