मयंक श्रीवास्तव, अयोध्या. कोतवाली के दर्शन नगर स्थित यश पेपर मिल में केमिकल इंजीनियर आशीष शिवहरे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के मामले ने तूल पकड़ लिया है. मृतक के परिजन शनिवार को अयोध्या पहुंचे और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर न्याय की गुहार लगाई. मुख्यमंत्री ने परिजनों को मामले की निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया है।इसके बाद परिजनों ने शहर के एक होटल में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर यश पेपर मिल प्रबंधन पर कई गंभीर आरोप लगाए. परिजनों ने पुलिस के उच्च अधिकारियों से भी मुलाकात कर नामजद आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है.
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मैनेजर पर हत्या का आरोप
परिजनों ने यश पेपर मिल के मैनेजर अभिषेक सिंह पर बेटे की हत्या का सीधा आरोप लगाया है. उनका कहना है कि घटना के बाद मिल के कर्मचारियों ने परिवार को लगातार गुमराह किया और सही जानकारी नहीं दी. प्रबंधन की भूमिका संदिग्ध है. परिजनों का दावा है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोट लगने और अत्यधिक रक्तस्राव को मौत का कारण बताया गया है, जो हादसा नहीं बल्कि किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है.
मोबाइल फोन को लेकर बड़ा सवाल
परिजनों ने एक और चौंकाने वाला सवाल उठाया. उन्होंने कहा कि आशीष का मोबाइल फोन केमिकल टैंक में मिला था और घटना के कई घंटे बाद वह फोन तुरंत ऑन हो गया. सवाल यह है कि इतने घंटे तक पानी और केमिकल में डूबे रहने के बाद फोन कैसे तुरंत ऑन हो सकता है? इससे आशंका है कि घटना को छुपाने की कोशिश की गई है.
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27 सितंबर को मिला था क्षत-विक्षत शव
बता दें कि 27 सितंबर को यश पेपर मिल के केमिकल प्लांट में केमिकल इंजीनियर आशीष शिवहरे का क्षत-विक्षत शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था. मामले में अयोध्या पुलिस ने यश पेपर मिल के एमडी समेत 8 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. परिजनों की मांग है कि नामजद सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी कर मामले की निष्पक्ष और उच्च स्तरीय जांच कराई जाए, ताकि सच सामने आ सके.

