मयंक श्रीवास्तव, अयोध्या. डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय में छात्राओं के यौन उत्पीड़न का सनसनीखेज मामला सामने आया है. फाइन आर्ट्स विभाग की चार छात्राओं की शिकायत पर अर्थशास्त्र एवं ग्रामीण विकास विभाग के प्रोफेसर विनोद कुमार श्रीवास्तव को निलंबित कर दिया गया है.
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छात्राओं ने आरोप लगाया है कि प्रोफेसर उन्हें अनुचित तरीके से छूता था, बहाने से अपने केबिन में बुलाता था और आपत्तिजनक टिप्पणियां करता था. शिकायत के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन में हड़कंप मच गया. मामले की गंभीरता को देखते हुए कुलपति प्रो. बिजेंद्र सिंह ने आंतरिक जांच समिति की प्रारंभिक रिपोर्ट के आधार पर प्रोफेसर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया. निलंबन अवधि में उन्हें एमबीए विभाग से संबद्ध किया गया है.
कुलसचिव विनय कुमार सिंह ने बताया कि यूजीसी के दिशा-निर्देशों के तहत गठित आंतरिक शिकायत समिति (ICC) की तीन सदस्यीय टीम मामले की विस्तृत जांच कर रही है. समिति की अंतिम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कठोर कार्रवाई की जाएगी. जांच पूरी होने तक प्रोफेसर निलंबित रहेंगे.
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वहीं, आरोपी प्रोफेसर विनोद कुमार श्रीवास्तव ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को निराधार बताया है. उन्होंने इसके पीछे साजिश होने की आशंका जताई है. विश्वविद्यालय परिसर में इस घटना के बाद छात्राओं की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं.

