अशोक कुमार जायसवाल, डीडीयू नगर. गंगा नदी से लापता युवक का शव बरामद होने के बाद इलाके में सनसनी फैल गई. मृतक के परिजनों ने गांव के कुछ लोगों पर युवक के साथ मारपीट करने, उसे बेहोशी की हालत में गंगा नदी में फेंकने और उसकी हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है. घटना के बाद सामने आए वीडियो बयानों में परिजनों ने पूरे घटनाक्रम का सिलसिलेवार विवरण देते हुए पुलिस-प्रशासन से निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है. हालांकि, परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हो सकी है.

बताया गया कि युवक 5 अगस्त की शाम से लापता था. परिजनों के अनुसार, काफी तलाश के बाद भी उसका पता नहीं चला तो सुबह पुलिस को सूचना दी गई. पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर युवक की तलाश शुरू की. रविवार सुबह गंगा नदी से युवक का शव बरामद होने के बाद परिजनों में कोहराम मच गया.

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मृतक की परिजन भगवानी देवी का आरोप है कि कुछ लोगों ने युवक को पकड़कर उसके साथ बेरहमी से मारपीट की. मारपीट के दौरान युवक बेहोश हो गया. इसके बाद उसे गंगा नदी के किनारे ले जाकर पानी में फेंक दिया गया. महिला का दावा है कि नदी में गिरने के बाद भी युवक पर लाठी-डंडों से हमला किया गया. सिर में गंभीर चोट और पानी में डूबने के कारण उसकी मौत हो गई. भगवानी देवी ने यह भी आरोप लगाया कि घटना के बाद आरोपी काफी देर तक मौके पर मौजूद रहे और परिवार से घटना की वास्तविकता छिपाते रहे.

कुड़हना निवासी तेतरा ने आरोप लगाया कि करीब दस लोगों ने युवक के साथ मारपीट की. बीच-बचाव करने पर उसके साथ भी मारपीट की गई. उनके अनुसार, युवक किसी तरह वहां से भागा, लेकिन आरोपियों ने उसका पीछा किया और उसे गंगा नदी में धकेल दिया. इसके बाद युवक का कोई पता नहीं चला. मृतक के चचेरे भाई राजेंद्र कुमार ने बताया कि युवक पर छेड़खानी का आरोप लगाकर उसे थाने बुलाने की प्रक्रिया शुरू की गई थी. इसी दौरान गांव के बच्चों के माध्यम से परिवार को युवक के साथ मारपीट कर उसे नदी में फेंके जाने की जानकारी मिली.

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राजेंद्र का आरोप है कि जब वह शिकायत लेकर चौकी पहुंचे तो तत्काल सुनवाई नहीं हुई. उन्होंने मामले में अजीत कुमार पुत्र रामनाथ, शिवम कुमार पुत्र रामजतन और विकास पुत्र विनोद समेत अन्य लोगों के शामिल होने का आरोप लगाया है. पूरे मामले में अलीनगर थाना प्रभारी गगनराज सिंह ने बताया कि परिजनों के प्रार्थना पत्र के आधार पर युवक की गुमशुदगी दर्ज कर उसकी तलाश के लिए पुलिस टीम लगाई गई थी. रविवार सुबह युवक का शव गंगा नदी से बरामद हुआ. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया और बाद में परिजनों को सौंप दिया.

थाना प्रभारी के मुताबिक, अब परिजन मारपीट समेत अन्य गंभीर आरोप लगा रहे हैं. मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगा और उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल युवक की मौत को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं. परिजनों के हत्या के आरोपों की जांच, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस विवेचना के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि युवक की मौत डूबने से हुई या उसके साथ मारपीट किए जाने की भी कोई भूमिका रही.