Ramgarh Rajasthan By Election: राजस्थान की रामगढ़ विधानसभा सीट पर उपचुनाव को लेकर सियासी पारा चढ़ता जा रहा है, भले ही चुनाव आयोग ने अभी तारीखों की घोषणा नहीं की हो। राजनीतिक दलों में टिकट के दावेदार अपने-अपने नेताओं से संपर्क साधने में जुट गए हैं। कांग्रेस और भाजपा, दोनों पार्टियां अपनी रणनीति को धार देने के लिए फीडबैक और सर्वेक्षण में व्यस्त हैं। जहां कांग्रेस में उम्मीदवार चुनने को लेकर कोई बड़ी चुनौती नहीं दिख रही, वहीं भाजपा के लिए टिकट आवंटन एक जटिल प्रक्रिया बनती जा रही है।

कांग्रेस: सहानुभूति की लहर पर उम्मीद
रामगढ़ के विधायक रहे जुबेर खां के निधन के बाद उपचुनाव की स्थिति बनी है। कांग्रेस के लिए जुबेर खां और उनके परिवार का रामगढ़ क्षेत्र में एक मजबूत पकड़ है। पार्टी के भीतर चर्चा है कि जुबेर खां के बेटे आर्यन खां को उपचुनाव में उतारा जा सकता है, ताकि उनके प्रति क्षेत्र में बनी सहानुभूति का लाभ उठाया जा सके। जुबेर खां की पत्नी सफ़िया खां अभी शोक में हैं, इसलिए आर्यन को कांग्रेस का टिकट मिलने की संभावना प्रबल है।
भाजपा: दावेदारों की लंबी कतार
भाजपा में रामगढ़ सीट के लिए कई दावेदार हैं, लेकिन सबसे प्रमुख नाम ज्ञानदेव आहूजा का है, जो इस क्षेत्र में लंबे समय से सक्रिय हैं। वे कई बार विधायक रह चुके हैं और पार्टी में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है। हालांकि, उनके भतीजे जय आहूजा ने 2023 के चुनाव में हिस्सा लिया, लेकिन प्रभावी प्रदर्शन नहीं कर पाए। इसके अलावा, सुखवंत सिंह भी एक मजबूत दावेदार हैं, जिन्होंने 2018 में कांग्रेस के खिलाफ कड़ी टक्कर दी थी। 2023 में भाजपा से टिकट न मिलने के कारण सुखवंत सिंह बागी हो गए थे और असपा से चुनाव लड़ा था। इसके साथ ही पूर्व विधायक बनवारीलाल सिंघल भी इस बार टिकट के दावेदारों में शामिल हैं।
कांग्रेस और भाजपा, दोनों ही दल रामगढ़ उपचुनाव में प्रत्याशी चयन को लेकर बेहद सतर्क नजर आ रहे हैं। कांग्रेस में टिकट बंटवारे को लेकर ज्यादा संघर्ष नहीं है, इसलिए पार्टी कार्यकर्ताओं और क्षेत्र के लोगों से फीडबैक लिया जा रहा है। वहीं भाजपा के लिए टिकट का चयन एक चुनौतीपूर्ण प्रक्रिया साबित हो रहा है। पार्टी अपने स्तर पर सर्वेक्षण कर रही है और संभावित तीन नामों का पैनल तैयार करने की चर्चा भी जोर पकड़ रही है।
रामगढ़ की सीट पर उपचुनाव में किसकी जीत होगी, यह देखना दिलचस्प होगा, लेकिन फिलहाल सभी दल अपने-अपने दांवपेच बिछाने में जुटे हैं।
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