लखनऊ. अखिलेश यादव ने बीते दिनों एक चाय की टपरी में चाय पी थी. जिसके बाद फूड सेफ्टी विभाग ने छापेमारी कर चाय का सैंपल लिया था और अधिकारियों ने टपरी बंद करा देने की धमकी दी थी. ऐसे में चाय टपरी चलाने वाले युवक ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव के चाय पीने के बाद अधिकारी लगातार परेशान कर रहे हैं, जिसे लेकर सूबे में सियासी पारा गरमा गया है. इस मुद्दे को लेकर अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर करारा हमला किया है.

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अखिलेश यादव ने कहा, अब भाजपा सरकार बताए कि पीडीए समाज के एक चायवाले को पलायन पर मजबूर करने के लिए कौन ज़िम्मेदार है? एक आम चायवाले पर अत्याचार करके लखनऊ की सरकार कहीं सांकेतिक रूप से किसी और को तो चुनौती नहीं दे रही है. आर्यन को अपने जीवन और जीवनयापन के लिए चिंता करने या डरने की ज़रूरत नहीं है, हम सब करोड़ों पीडीए लोग उसके साथ हैं, उसकी ढाल हैं.

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आगे अखिलेश यादव ने कहा, आशा है माननीय मुख्यमंत्री जी इस तुच्छता पूर्ण व्यवहार का संज्ञान लेते हुए, इस मामले से जुड़े हुए अराजक तत्वों और अधिकारियों पर तुरंत कार्रवाई करेंगे और अपने राज्य पर लगने वाले पलायन के दाग़ से बचेंगे, नहीं तो लोग कहेंगे जो मुख्यमंत्री जी एक आम चायवाले की रक्षा अपने दल के अवांछनीय तत्वों से नहीं कर सकते हैं वो पूरा प्रदेश क्या चलाएंगे. अगर मुख्यमंत्री जी को अपने दल के उस असामाजिक तत्व का नाम नहीं पता हो तो हम बता देंगे. अगर फिर भी कुछ नहीं हुआ तो हम आर्यन के रोज़गार के लिए पुख़्ता व्यवस्था करेंगे, क्योंकि हमें उसके हाथ की बनी और प्रेम से भरी चाय बहुत अच्छी लगी थी.