कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव से मंगलवार को चंडीगढ़ में आशा वर्कर्स के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात कर अपनी विभिन्न समस्याओं और मांगों को लेकर 9 सूत्रीय मांग-पत्र सौंपा। बैठक के दौरान आशा वर्कर्स ने स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े अपने कार्यों में आने वाली चुनौतियों और लंबे समय से लंबित मुद्दों को विस्तार से मंत्री के समक्ष रखा।

औपचारिक बैठक में स्वास्थ्य मंत्री ने प्रतिनिधिमंडल की सभी मांगों और सुझावों को गंभीरता से सुना। उन्होंने आशा वर्कर्स द्वारा स्वास्थ्य सेवाओं में निभाई जा रही भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि प्रदेश में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य समेत विभिन्न सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने में आशा वर्कर्स की अहम भूमिका रही है।

स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि सरकार उनकी समस्याओं को लेकर पूरी तरह संवेदनशील और गंभीर है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि आशा वर्कर्स की जितनी भी जायज मांगें हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर जल्द पूरा करने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी ताकि उन्हें अपने कार्यों में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।

बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने मौके पर ही नेशनल हेल्थ मिशन हरियाणा के डायरेक्टर को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि आशा वर्कर्स द्वारा सौंपे गए 9 सूत्रीय मांग-पत्र के सभी बिंदुओं और तकनीकी पहलुओं का गहन अध्ययन किया जाए और उस पर त्वरित एवं उचित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के साथ-साथ स्वास्थ्य कर्मियों के हितों की सुरक्षा के लिए भी प्रतिबद्ध है। सरकार का प्रयास है कि जमीनी स्तर पर कार्य करने वाले कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान समयबद्ध तरीके से किया जाए, जिससे स्वास्थ्य व्यवस्था और अधिक प्रभावी बन सके।