पटना। ​बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी ने बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के माहौल के बीच जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर (PK) पर सीधा और तीखा हमला बोला है। एक निजी बातचीत में चौधरी ने स्पष्ट किया कि एनडीए की लड़ाई प्रशांत किशोर से नहीं, बल्कि मुख्य विपक्षी दल राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) से है। उन्होंने प्रशांत किशोर की राजनीतिक सक्रियता को केवल वोट काटने की रणनीति करार दिया है।

​एनडीए की सीधी टक्कर आरजेडी से

​अशोक चौधरी ने जोर देकर कहा कि एनडीए ने अभिषेक कुमार बंटी को अपना अधिकृत उम्मीदवार बनाया है और गठबंधन पूरी मजबूती के साथ चुनाव मैदान में डटा है। उन्होंने कहा बांकीपुर में एनडीए की सीधी टक्कर आरजेडी उम्मीदवार रेखा गुप्ता से है। प्रशांत किशोर इस दौड़ में कहीं भी मुकाबले में नजर नहीं आएंगे। पिछले चुनावों की तरह ही यहां भी उन्हें अपेक्षित सफलता नहीं मिलेगी। उनके अनुसार जनता प्रशांत किशोर के एजेंडे को स्वीकार नहीं करेगी।

​चुनाव न लड़ें प्रशांत किशोर

​बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र के मतदाता होने के नाते अशोक चौधरी ने प्रशांत किशोर को एक नसीहत भी दी। उन्होंने कहा एक वोटर के तौर पर मैं उन्हें यही सलाह दूंगा कि उन्हें यह चुनाव नहीं लड़ना चाहिए। उनका हश्र बहुत बुरा होगा और चुनाव परिणाम के बाद जनता का सामना करना उनके लिए मुश्किल हो जाएगा। चौधरी का मानना है कि बांकीपुर में प्रशांत किशोर का प्रभाव नगण्य है।

​भाजपा का अभेद्य किला है बांकीपुर

​मंत्री ने बांकीपुर सीट के इतिहास का जिक्र करते हुए इसे भाजपा का गढ़ बताया। उन्होंने कहा कि पिछले 31 वर्षों से यहां भारतीय जनता पार्टी का दबदबा रहा है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और उनके पिता के लंबे कार्यकाल का हवाला देते हुए उन्होंने दावा किया कि इस क्षेत्र की जनता ने भाजपा की कार्यशैली को अपनाया है और यह पकड़ आगे भी बरकरार रहेगी।

​भरत तिवारी मामले में कड़ी कार्रवाई का आश्वासन

​इस दौरान अशोक चौधरी ने हाल ही में भरत तिवारी के घर जाकर उनके परिजनों से मुलाकात करने पर भी अपना पक्ष रखा। उन्होंने इसे मानवीय संवेदना का कर्तव्य बताते हुए कहा कि दुख की घड़ी में परिवार के साथ खड़ा होना जरूरी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भरत तिवारी मामले में सरकार पूरी तरह गंभीर है और जो भी दोषी पाए जाएंगे उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने पीड़ित परिवार को न्याय का भरोसा दिलाया है।