अतीक अहमद के बेटे अबान अहमद के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उमर और अली को अस्थायी कस्टडी पैरोल दी है। अदालत ने सुरक्षा और गतिविधियों को लेकर कई सख्त शर्तें भी तय की हैं।
प्रयागराज। माफिया अतीक अहमद के बेटे अबान अहमद की सड़क दुर्घटना में मौत के बाद उसके अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जेल में बंद उसके दोनों भाइयों मोहम्मद उमर और अली अहमद को सख्त शर्तों के साथ अस्थायी कस्टडी पैरोल देने का आदेश दिया है। दोनों शनिवार शाम प्रयागराज के कसारी मसारी कब्रिस्तान में होने वाले जनाजे में पुलिस सुरक्षा के बीच शामिल होंगे।
न्यायमूर्ति अजय भनोट और न्यायमूर्ति दिवेश चंद्र समंत की खंडपीठ ने शुक्रवार को मामले की तत्काल सुनवाई करते हुए यह आदेश पारित किया। याचिका अतीक अहमद की बहन परवीन कुरैशी ने दाखिल की थी, जिसमें दोनों बेटों को अंतिम संस्कार में शामिल होने की अनुमति देने की मांग की गई थी।
हाईकोर्ट का आदेश
हाईकोर्ट ने आदेश में कहा है कि उमर और अली को संबंधित जेलों से कड़ी सुरक्षा के बीच प्रयागराज लाया जाएगा। दोनों पूरे समय पुलिस अभिरक्षा में रहेंगे और अंतिम संस्कार के बाद वापस अपनी-अपनी जेल भेज दिए जाएंगे। अदालत ने प्रदेश के पुलिस महानिदेशक को निर्देश दिया है कि सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए एक वरिष्ठ अधिकारी की तैनाती सुनिश्चित की जाए।
सख्त शर्तें लागू
अदालत ने कई सख्त शर्तें भी लगाई हैं। दोनों भाई किसी भी सार्वजनिक सभा में हिस्सा नहीं लेंगे, मीडिया या सोशल मीडिया से बात नहीं करेंगे, किसी जुलूस में शामिल नहीं होंगे और अंतिम संस्कार से इतर किसी अन्य कार्यक्रम में भाग नहीं ले सकेंगे। उन्हें केवल धार्मिक अनुष्ठान में शामिल होने और अपनी बुआ परवीन कुरैशी तथा छोटे भाई एहजम अहमद से एक घंटे तक पुलिस निगरानी में मुलाकात की अनुमति दी गई है।
अंतिम संस्कार की तैयारी
उधर, प्रयागराज में अबान अहमद का शव फिलहाल पुरामुफ्ती क्षेत्र के हटवा गांव स्थित उसकी बुआ के घर रखा गया है, जहां रिश्तेदार और परिचित अंतिम दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, जनाजे से पहले शव को अतीक अहमद के पैतृक आवास चकिया भी ले जाया जाएगा। इसके बाद शनिवार को जुमे की नमाज के बाद कसारी मसारी कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा।
सुरक्षा के इंतजाम
संभावित भीड़ और संवेदनशीलता को देखते हुए कब्रिस्तान और आसपास के इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। धूमनगंज थाना पुलिस समेत कई थानों की फोर्स सुरक्षा व्यवस्था संभाल रही है। अधिकारियों का कहना है कि अदालत के आदेश की सभी शर्तों का कड़ाई से पालन कराया जाएगा।


