भागलपुर। जमीन के छोटे से टुकड़े के लालच में रिश्तों का कत्ल हो गया। नवगछिया पुलिस जिला के खरीक थाना क्षेत्र स्थित तेलगी गांव में पैतृक जमीन पर घर बनाने के विवाद को लेकर तीन सगे भाइयों ने अपने ही चौथे भाई की ईंट से हमला कर हत्या कर दी। इस वारदात से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
जमीन बंटवारे के बाद भी जारी था विवाद
मृतक की पहचान 57 वर्षीय अतिनंदन चौधरी के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, जिस जमीन को लेकर यह खूनी संघर्ष हुआ, उसका मामला काफी समय से चल रहा था। करीब एक महीने पहले ही अंचल अधिकारी (CO) की मौजूदगी में चारों भाइयों के बीच कानूनी रूप से जमीन का बंटवारा कर दिया गया था। इसके बावजूद आरोपी भाई विधानचंद्र चौधरी उस हिस्से पर घर बनाए जाने का लगातार विरोध कर रहा था।
ईंट से हमला कर उतारा मौत के घाट
बुधवार को जब अतिनंदन चौधरी तय शुदा जमीन पर अपना घर बना रहे थे, तब विवाद फिर से गहरा गया। आरोप है कि विधानचंद्र चौधरी अपने अन्य सहयोगियों के साथ वहां पहुंचा और विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि तीन भाइयों और उनके परिवार के लोगों ने मिलकर अतिनंदन चौधरी और उनकी पत्नी पर लाठी-डंडों से हमला बोल दिया। इसी दौरान मुख्य आरोपी विधानचंद्र चौधरी ने अतिनंदन के सिर पर ईंट से जोरदार वार कर दिया, जिससे वे लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े।

मृतक अतिनंदन चौधरी की फाइल फोटो
अस्पताल में इलाज के दौरान तोड़ा दम
घटना के बाद गंभीर रूप से घायल अतिनंदन चौधरी को तुरंत मायागंज अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां अत्यधिक खून बह जाने के कारण इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। बुधवार सुबह मायागंज स्थित बरारी पुलिस कैंप में शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया गया। मृतक के बेटे गौतम कुमार ने रोते हुए बताया कि उनके पिता को साजिश के तहत सभी आरोपियों ने मिलकर पीटा और सिर पर ईंट मारकर उनकी जान ले ली।
छह लोगों के खिलाफ मामला दर्ज, पुलिस की छापेमारी जारी
इस मामले में मृतक के बेटे की शिकायत पर विधानचंद्र चौधरी समेत कुल छह लोगों को नामजद किया गया है। आरोपियों में विधानचंद्र चौधरी, भगवान चंद्र, आलोक राज, अनमोल देवी, डिग्री देवी और भवानी शामिल हैं। खरीक थाना के इंस्पेक्टर मिथिलेश कुमार ने बताया कि घटना के बाद से सभी आरोपी घर छोड़कर फरार हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है और जल्द ही सभी सलाखों के पीछे होंगे।



