पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने शाहबाद में सरकार की नीतियों की आलोचना की। उन्होंने बेरोजगारी और किसानों की समस्याओं को बड़ी चुनौती बताया।
कुरुक्षेत्र। हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने शाहबाद में एक कार्यक्रम के दौरान प्रदेश सरकार पर तीखे हमले किए। वे यहां कांग्रेस विधायक रामकरण काला के पोते के आशीर्वाद समारोह में शामिल होने पहुंचे थे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया। मीडिया से बातचीत करते हुए हुड्डा ने कहा कि हरियाणा आज बेरोजगारी के मामले में पूरे देश में शीर्ष पर है, जिससे युवा पीढ़ी का भविष्य अंधकारमय नजर आ रहा है। उन्होंने सरकार की रोजगार नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि युवाओं के लिए अवसरों का भारी अभाव है। हुड्डा ने स्पष्ट किया कि रोजगार सृजन सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए थी, लेकिन राज्य के हालात आज पूरी तरह विपरीत दिशा में बढ़ रहे हैं।
प्रदेश में असुरक्षा का माहौल बढ़ रहा
कानून व्यवस्था के मोर्चे पर हुड्डा ने सरकार को कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि हरियाणा में अपराध का ग्राफ लगातार बढ़ता जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश का हर नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है। आपराधिक घटनाओं में वृद्धि ने आम जनता में भय पैदा कर दिया है और पुलिस प्रशासन स्थिति संभालने में नाकाम साबित हो रहा है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के नाम पर सरकार केवल दावे कर रही है, लेकिन जमीनी हकीकत इन दावों के बिल्कुल उलट है। अपराधी बेखौफ होकर अपनी गतिविधियों को अंजाम दे रहे हैं, जिससे राज्य की छवि खराब हो रही है और आम आदमी का सामान्य जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित हो रहा है।
एमएसपी और महंगाई पर उठाए सवाल
किसानों की बदहाली का जिक्र करते हुए हुड्डा ने कहा कि खेती की लागत आसमान छू रही है और किसानों की आय में निरंतर कमी आ रही है। उन्होंने सरकार के उस दावे पर भी तंज कसा जिसमें 24 फसलों की एमएसपी पर खरीद की बात कही जाती है। पूर्व सीएम ने चुनौती देते हुए पूछा कि आखिर वे कौन सी 24 फसलें हैं जिनकी खरीद एमएसपी पर हो रही है, जिसका जवाब सरकार आज तक नहीं दे पाई है। बढ़ती महंगाई ने किसान के साथ-साथ आम आदमी की कमर तोड़ दी है। उन्होंने साफ कहा कि मौजूदा सरकार की आर्थिक नीतियां किसान विरोधी हैं और जनता को इन समस्याओं के प्रति जागरूक होकर सही निर्णय लेने की आवश्यकता है।

