​ऋषिकेश: बिहार के सीतामढ़ी में सनसनीखेज हत्या को अंजाम देकर फरार चल रहे दो कुख्यात अपराधियों को उत्तराखंड पुलिस ने एक मुठभेड़ में ढेर कर दिया है। ऋषिकेश के जंगली इलाके में हुई इस कार्रवाई में वसीम और अकरम नामक बदमाशों को पुलिस की गोली लगी है, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

​हत्या के बाद से थे फरार

​आरोपी सीतामढ़ी जिले के नानपुर थाना क्षेत्र के महुआगाछी गांव के निवासी हैं। इन दोनों ने 17 मई 2026 को सीतामढ़ी में सीएसपी संचालक सुंदर यादव की तीन गोलियां मारकर बेरहमी से हत्या कर दी थी। इस जघन्य अपराध के बाद से ही दोनों पुलिस की पकड़ से दूर थे और अपनी पहचान बदलकर ऋषिकेश के खांड गांव के पास छिपे हुए थे।

​पुलिस पर फायरिंग और जवाबी कार्रवाई

​बिहार और उत्तराखंड पुलिस को एक संयुक्त ऑपरेशन में सूचना मिली कि दोनों बदमाश ढलवाला के रास्ते जंगल में भागने की फिराक में हैं। पुलिस ने घेराबंदी करते हुए बैरिकेडिंग की जिसे देखकर बदमाशों ने बाइक मोड़कर भागने का प्रयास किया। पीछा करने पर अपराधियों ने पुलिस टीम पर पिस्टल से ताबड़तोड़ फायरिंग की और पुलिसकर्मियों को बाइक से कुचलने का प्रयास भी किया।

​आत्मरक्षा में पुलिस ने जवाबी

फायरिंग की जिसमें दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी और वे घायल होकर गिर पड़े। इस दौरान बदमाशों की गोली से पुलिस की गाड़ी का शीशा भी क्षतिग्रस्त हो गया। सीतामढ़ी एसपी अमित रंजन ने बताया कि वसीम के खिलाफ हत्या और लूट के कई गंभीर मामले दर्ज हैं।

​ऋषिकेश में भी मचाया था आतंक

​इन बदमाशों ने उत्तराखंड में भी अपनी दहशत कायम कर रखी थी। 5 जून को ऋषिकेश के श्यामपुर स्थित भट्टोवाला में ये अपने एक साथी के साथ शराब पी रहे थे। स्थानीय लोगों द्वारा विरोध किए जाने पर इन्होंने वहां फायरिंग कर दी थी। उस दौरान स्थानीय लोगों ने इनके एक साथी को तो पकड़कर पुलिस को सौंप दिया था लेकिन वसीम और अकरम फरार होने में सफल रहे थे।
​इनकी गिरफ्तारी के लिए उत्तराखंड पुलिस ने 15-15 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। स्थानीय संगठनों ने भी गिरफ्तारी के लिए पुलिस को अल्टीमेटम देते हुए हाईवे जाम करने की चेतावनी दी थी। फिलहाल पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है।