रेखा शर्मा के विवादित बयान के बाद भाजपा हाईकमान डैमेज कंट्रोल में जुट गया है; केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर इस गतिरोध को खत्म करने के लिए मध्यस्थता कर सकते हैं।

कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। प्रदेश की सियासत में इन दिनों Rekha Sharma के बयान से उठा विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा, लेकिन Bharatiya Janata Party अब इसे खत्म करने के मूड में दिख रही है। पार्टी के भीतर बढ़ी खींचतान को लेकर कई बड़े नेता सामने आ चुके हैं और साफ संकेत दे रहे हैं कि मामला बातचीत से सुलझाया जाएगा, लेकिन असली पेच अभी भी बना हुआ है।

सूत्रों के अनुसार, इस पूरे विवाद को सुलझाने की कमान अब केंद्रीय मंत्री Manohar Lal Khattar संभाल सकते हैं। खुद खट्टर ने भी बयान देकर यह साफ कर दिया है कि पार्टी में ऐसे मतभेद होते रहते हैं और जल्द ही बैठकर समाधान निकाल लिया जाएगा। वहीं प्रदेश अध्यक्ष Mohan Lal Badoli के बदले तेवर भी सुलह की ओर इशारा कर रहे हैं।

हालांकि, पूरा मामला अब Kuldeep Bishnoi के फैसले पर अटका हुआ है। उन्होंने अभी तक कोई नरमी नहीं दिखाई है और रेखा शर्मा से माफी की मांग पर अड़े हुए हैं। यही कारण है कि पार्टी के अंदर और बाहर सभी की नजरें उनके अगले कदम पर टिकी हुई हैं।

राजनीतिक तौर पर देखें तो अगर बिना माफी के यह विवाद सुलझ जाता है तो यह पार्टी नेतृत्व की बड़ी रणनीतिक जीत मानी जाएगी। वहीं, अगर कुलदीप विश्नोई बिना अपनी शर्त मनवाए मान जाते हैं तो उनकी “बबर शेर” वाली छवि पर असर पड़ सकता है।

अब देखना यह होगा कि सियासत की इस रस्साकशी में आखिरी चाल कौन चलता है।