कुंदन कुमार/पटना। बिहार की महत्वपूर्ण बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने एक बड़ा संगठनात्मक बदलाव किया है। नामांकन के ठीक एक दिन बाद ही पार्टी ने अपने उम्मीदवार को बदलते हुए अब नीरज सिन्हा को चुनावी मैदान में उतारने का निर्णय लिया है। इससे पहले घोषित उम्मीदवार अभिषेक सिन्हा ने निजी कारणों का हवाला देते हुए अपनी उम्मीदवारी वापस लेने की घोषणा कर दी है।
नामांकन रद्द होने के डर से लिया गया फैसला
सूत्रों की मानें तो यह बदलाव अचानक नहीं हुआ है। बताया जा रहा है कि अभिषेक सिन्हा द्वारा दाखिल किए गए नामांकन पत्र में परिवार और उनकी शैक्षणिक योग्यता से जुड़ी कुछ विसंगतियां पाई गई थीं। भाजपा नेतृत्व को यह स्पष्ट अंदेशा था कि स्क्रूटनी के दौरान इन खामियों के चलते अभिषेक का नामांकन रद्द हो सकता है। इसी तकनीकी संकट से बचने और सीट को सुरक्षित रखने के लिए पार्टी ने समय रहते नीरज सिन्हा के नाम पर मुहर लगा दी है।
कौन हैं नीरज सिन्हा?
नीरज सिन्हा भाजपा के एक पुराने और निष्ठावान कार्यकर्ता हैं, जो पिछले 20 वर्षों से पार्टी की सेवा में लगे हुए हैं। वे बांकीपुर के निवर्तमान विधायक और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के बेहद करीबी माने जाते हैं। वर्तमान में मंडल अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल रहे नीरज सिन्हा को पार्टी संगठन के काम का लंबा अनुभव है। उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी से मुलाकात कर अपनी आगे की रणनीति साझा की है। नीरज सिन्हा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि पार्टी ने जो जिम्मेदारी मुझे सौंपी है, मैं उसे पूरी निष्ठा के साथ निभाऊंगा और बांकीपुर की जीत सुनिश्चित करूंगा।
विपक्ष बना सकता है मुद्दा
बांकीपुर उपचुनाव में यह अचानक हुआ बदलाव राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा सकता है। जन सुराज पार्टी के प्रशांत किशोर (PK) और मुख्य विपक्षी दल राजद (RJD) इस मुद्दे को लेकर भाजपा को घेरने की कोशिश कर सकते हैं। हालांकि आधिकारिक तौर पर अभिषेक सिन्हा ने नाम वापसी के लिए पारिवारिक कारणों का उल्लेख किया है लेकिन चुनाव के बीच में उम्मीदवार बदलना विपक्ष को एक मौका देने जैसा है।
चुनावी कार्यक्रम पर एक नजर
नितिन नवीन के राज्यसभा जाने के बाद खाली हुई इस सीट के लिए चुनावी प्रक्रिया तेज हो गई है। नीरज सिन्हा 13 जुलाई को अपना नामांकन दाखिल करेंगे। बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र में मतदान 30 जुलाई को निर्धारित है जबकि परिणाम 3 अगस्त को घोषित किए जाएंगे। भाजपा अब पूरी ताकत के साथ अपने नए उम्मीदवार को जिताने की तैयारी में जुट गई है।

