बोकारो। चंद्रपुरा के पश्चिम पल्ली में गुरुवार रात अचानक गोलियों की आवाज से इलाका दहल उठा। डीवीसी के आवासीय क्वार्टर एचएम/14 में अज्ञात हमलावरों ने रिटायर्ड डीवीसी कर्मी नरेश सिन्हा के घर को निशाना बनाया। फायरिंग में नरेश सिन्हा और उनकी पत्नी की मौत हो गई, जबकि उनका बेटा रोहित सिन्हा गंभीर रूप से घायल है। उसे इलाज के लिए बोकारो भेजा गया है।

दरवाजा खुलते ही हमला

घटना रात करीब 8:30 बजे की बताई जा रही है। उस समय इलाके में तेज बारिश हो रही थी। जानकारी के मुताबिक किसी ने नरेश सिन्हा के घर का दरवाजा खटखटाया। जैसे ही दरवाजा खुला, हमलावरों ने फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई गोलीबारी में परिवार के तीन सदस्य इसकी चपेट में आ गए।

पति-पत्नी की मौके पर मौत, बेटा अस्पताल में

फायरिंग में नरेश सिन्हा और उनकी पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं रोहित सिन्हा गंभीर रूप से घायल हो गया। उसके दोस्त नवीन महतो ने बताया कि रोहित को चार गोलियां लगी हैं और उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

पुलिस के पहुंचने से पहले फरार हुए आरोपी

चंद्रपुरा थाना प्रभारी रंजन कुमार ने बताया कि पुलिस को पश्चिम पल्ली में गोलीबारी और पथराव की सूचना मिली थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक हमलावर फरार हो चुके थे। घटनास्थल की जांच के दौरान पुलिस को कई खोखे मिले हैं।

हत्या की वजह और हमलावरों की तलाश

पुलिस अब वारदात से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। हमलावर कितने थे, कितनी गोलियां चलाई गईं और हत्या के पीछे क्या वजह थी, इन सवालों के जवाब तलाशे जा रहे हैं। पुलिस आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए भी जांच आगे बढ़ा रही है।

घटना के बाद पश्चिम पल्ली इलाके में तनाव और दहशत का माहौल है। पुलिस ने घटनास्थल की जांच तेज कर दी है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।