प्रदीप मालवीय, उज्जैन। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव आज सुबह उज्जैन दौरे पर रामघाट पहुंचे, जहां उन्होंने “सिंहस्थ-2028” को लेकर चल रहे नवीन निर्माण कार्यों, चौड़ीकरण एवं शिप्रा नदी के घाटों का निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने डॉ यादव ने अधिकारियों के साथ व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए ।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आगामी “सिंहस्थ-2028” को ध्यान में रखते हुए उज्जैन में व्यापक स्तर पर विकास कार्य किए जा रहे है । उन्होंने कहा कि रामघाट उत्तरवाहिनी शिप्रा का सबसे पवित्र स्थल है, जहां मुख्य स्नान होना है । ऐसे में प्रशासन एक-एक कर सभी कार्यों को पूरा करते हुए जनता की सुविधा बढ़ाने में जुटा हुआ है ।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार लगातार इन निर्माण कार्यों की मॉनिटरिंग कर रही है और प्रयास है कि इन योजनाओं का लाभ लंबे समय तक पूरे शहर और श्रद्धालुओं को मिलता रहे। उन्होंने उज्जैन को ऐतिहासिक और पौराणिक नगरी बताते हुए कहा कि यहां आने वाले दर्शनार्थियों और श्रद्धालुओं के लिए बेहतर व्यवस्थाएं तैयार की जा रही है ।
मुख्यमंत्री ने संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि उज्जैन के जनप्रतिनिधि, प्रशासन और आम जनता सभी श्रद्धा और समर्पण के साथ कार्यों में सहयोग कर रहे है । उन्होंने कहा कि इसका सकारात्मक परिणाम भी दिखाई देने लगा है। डॉ. यादव ने कहा कि कई लोग स्वयं आगे आकर अपने मकानों को हटाने और रास्ते चौड़े करने में सहयोग कर रहे है । सभी धर्मों के लोग भी देवस्थानों और धार्मिक स्थलों के व्यवस्थित विकास के लिए समर्थन दे रहे है। उन्होंने इसे अत्यंत अनुकूल और प्रेरणादायक वातावरण बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार के मुखिया होने के नाते वे इस सहयोग भावना का अभिनंदन करते हैं और उज्जैन के विधायक होने के नाते उन्हें शहर के विकास कार्यों पर गर्व और गौरव की अनुभूति होती है।

