कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। हरियाणा के मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने रविवार को वुमन जर्नलिस्ट वेल्फेयर ट्रस्ट की महिला पत्रकारों से मुलाकात कर उनके साहस, समर्पण और पत्रकारिता में योगदान की सराहना की। इस दौरान मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार Rajeev Jaitley भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि चुनौतियों के बावजूद महिला पत्रकार जिस तरह महिला सशक्तिकरण के साथ आगे बढ़ रही हैं, वह प्रेरणादायक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जनता हित में गति और ईमानदारी के साथ कार्य कर रही है तथा मीडिया जगत से मिलने वाली सूचनाओं और फीडबैक पर वह स्वयं संज्ञान लेते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में महिला, युवा, किसान और गरीब चार प्रमुख स्तंभ हैं।
महिला सशक्तिकरण पर सरकार की पहल का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान की शुरुआत हरियाणा से हुई थी और इसके सकारात्मक परिणाम आज सामने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि कई पंचायतों में बेटियों की जन्म दर बेटों से अधिक हुई है, जिन पंचायतों को सरकार द्वारा सम्मानित किया गया है। साथ ही महिला सरपंचों को इन पंचायतों का ब्रांड एम्बेसडर भी बनाया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों (Self Help Groups) के माध्यम से महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त किया जा रहा है। उन्होंने पंचकूला में आयोजित स्वदेशी मेले का उदाहरण देते हुए बताया कि समूहों से जुड़कर महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं और परिवार की आर्थिक चिंताओं को कम कर रही हैं। उन्होंने बताया कि प्रदेश की अनाज मंडियों में संचालित अटल कैंटीनों का संचालन भी स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं कर रही हैं। वहीं, प्रधानमंत्री की ‘नमो ड्रोन दीदी’ योजना में भी हरियाणा अग्रणी भूमिका निभा रहा है।
पंजाब को लेकर पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ की स्थिति के दौरान हरियाणा सरकार ने राहत सामग्री और सहायता पहुंचाने का कार्य किया, जबकि पंजाब सरकार किसानों को फसल खराबे के मुआवजे की सही जानकारी तक नहीं दे सकी। उन्होंने कहा कि इसका जवाब पंजाब की जनता आने वाले चुनावों में देगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन के लिए हर माह 2100 रुपये की सहायता दी जा रही है और सरकार बनने के पहले वर्ष में ही इस दिशा में काम शुरू कर दिया गया। वहीं, गुरुग्राम और नूंह क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति को लेकर उन्होंने कहा कि मुनक नहर से पाइपलाइन परियोजना के माध्यम से जलापूर्ति सुनिश्चित करने की तैयारी पूरी कर ली गई है, जिसके लिए करीब 2 हजार करोड़ रुपये के टेंडर की प्रक्रिया तैयार है।
एसवाईएल (SYL) मुद्दे पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इस संबंध में केंद्रीय मंत्री से चर्चा की गई है। वहीं, “कॉकरोच जनता पार्टी” संबंधी सवाल पर उन्होंने कहा कि युवाओं का ऐसे आधारहीन विषयों से कोई लेना-देना नहीं है और सरकार लगातार युवाओं से संवाद कर उनकी समस्याओं के समाधान की दिशा में काम कर रही है।
अपने निजी जीवन से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री ने भावुक अंदाज में कहा कि व्यस्तताओं के चलते वह सप्ताह में मुश्किल से एक-दो बार ही अपने बच्चों से मिल पाते हैं। उन्होंने बताया कि हाल ही में बेटी ने वृंदावन जाने की इच्छा जताई थी, लेकिन अचानक जरूरी बैठक आ जाने के कारण वह परिवार को समय नहीं दे सके।

