फरीदाबाद: कॉलेज से रोज की तरह निकलीं तीन छात्राएं अचानक घर नहीं पहुंचीं। कुछ देर बाद उनके मोबाइल फोन भी बंद हो गए। परिवारों की चिंता बढ़ी तो मामला पुलिस तक पहुंचा। पुलिस ने मोबाइल लोकेशन से लेकर कॉल डिटेल तक खंगाली, लेकिन तीनों का कोई सुराग आसानी से नहीं मिला। आखिर एक फोन नंबर ने पुलिस को उनकी तलाश की पहली कड़ी दी और जांच आगे बढ़ी तो पता चला कि तीनों छात्राएं फरीदाबाद से सैकड़ों किलोमीटर दूर दार्जिलिंग जाने के लिए निकल चुकी हैं।

मामला फरीदाबाद के मेहता दयानंद कॉलेज में बीएससी अंतिम वर्ष में पढ़ने वाली तीन छात्राओं से जुड़ा है। पुलिस के अनुसार तीनों की उम्र करीब 22 से 23 वर्ष है। एक छात्रा पलवल, दूसरी एसजीएम नगर और तीसरी पर्वतिया कॉलोनी की रहने वाली है।

ट्रैवल वीडियो देखकर बना घूमने का प्लान

पुलिस पूछताछ में सामने आया कि तीनों सहेलियों को घूमने और ट्रैवल से जुड़ी वीडियो देखने का शौक है। दार्जिलिंग की खूबसूरत वादियों के वीडियो देखने के बाद उनका वहां जाने का मन बना। उन्होंने परिवार को इसकी जानकारी दिए बिना यात्रा की तैयारी शुरू कर दी और धीरे-धीरे इसके लिए पैसे भी जमा करने लगीं।

14 अगस्त को तीनों ने कॉलेज से निकलने के बाद अपने प्लान को अमल में ला दिया। फरीदाबाद में नमस्ते चौक पहुंचकर पहले उन्होंने बिरयानी खाई। इसके बाद तीनों ने मोबाइल फोन बंद कर दिए। दार्जिलिंग पहुंचने के लिए ट्रेन और बस के विकल्प की जानकारी वे पहले ही जुटा चुकी थीं।

फरीदाबाद से मेट्रो, फिर दिल्ली के रेलवे स्टेशन बदले

मोबाइल बंद होने के बाद परिवारों को लगा कि तीनों छात्राओं के साथ कोई अनहोनी तो नहीं हुई। शिकायत मिलने पर पुलिस ने उनकी तलाश शुरू की। मोबाइल की लोकेशन से खास मदद नहीं मिली, लेकिन कॉल डिटेल खंगालने के दौरान एक ऐसे नंबर का पता चला, जिस पर मोबाइल बंद करने से ठीक पहले संपर्क किया गया था।

पुलिस ने उस नंबर पर बात की तो सामने आया कि तीनों दार्जिलिंग जाने की बात कहकर निकली हैं। इसके बाद पुलिस टीम ने पश्चिम बंगाल का रुख किया। दार्जिलिंग पहुंचकर तलाश की गई, लेकिन छात्राएं वहां नहीं मिलीं। बाद में मोबाइल लोकेशन दोबारा ट्रेस की गई तो उनका संकेत न्यू जलपाईगुड़ी में मिला।

इधर तीनों छात्राएं फरीदाबाद से मेट्रो लेकर नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंची थीं। वहां उन्हें पता चला कि दार्जिलिंग के लिए उनकी योजना के मुताबिक सीधी ट्रेन नहीं मिल रही। इसके बाद उन्होंने ऑटो लिया और पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंच गईं।

राजधानी एक्सप्रेस में बैठीं, रास्ते में बदला प्लान

पुरानी दिल्ली से तीनों ने डिब्रूगढ़ राजधानी एक्सप्रेस पकड़ी। सफर के दौरान उन्होंने दानापुर रेलवे स्टेशन पर उतरने का फैसला किया। वहां से ऑटो के जरिए वाराणसी पहुंचीं। वाराणसी में उन्होंने गंगा घाट पर स्नान किया और इसके बाद दोबारा अपनी यात्रा आगे बढ़ाई।

15 अगस्त की सुबह तीनों ने दानापुर से न्यू जलपाईगुड़ी के लिए ट्रेन पकड़ी। पुलिस जिस समय दार्जिलिंग में उनकी तलाश कर रही थी, तब तक तीनों वहां से आगे निकल चुकी थीं।

न्यू जलपाईगुड़ी स्टेशन पर मिलीं तीनों

मोबाइल लोकेशन से न्यू जलपाईगुड़ी का सुराग मिलने के बाद पुलिस टीम वहां पहुंची। स्टेशन पर तलाश के दौरान तीनों छात्राएं मिल गईं। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में उन्होंने अपने घर से बिना बताए निकलने और दार्जिलिंग जाने की पूरी योजना के बारे में जानकारी दी।

फिलहाल पुलिस ने तीनों छात्राओं को सकुशल बरामद कर लिया है। शुरुआती पूछताछ में सामने आया कि उनका मकसद घूमने का था। तीनों ने इंटरनेट और ट्रैवल वीडियो से प्रभावित होकर यात्रा की योजना बनाई थी। हालांकि, उनके अचानक मोबाइल बंद कर देने और परिवार को बिना बताए चले जाने से पुलिस और परिजनों की चिंता कई गुना बढ़ गई थी।