सुरेश कुमार, सिंगरौली। देश की राजधानी दिल्ली के मालवीय नगर में बुधवार को एक होटल में अचानक लगी आग से 21 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। इस रोंगटे खड़े कर देने वाले हादसे के ठीक दूसरे ही दीन मध्य प्रदेश के सिंगरौली से भी ऐसी ही एक खौफनाक तस्वीर सामने आई है। यहां के व्यस्त देवसर बाजार स्थित एक होटल में अचानकर गैस सिलेंडर से भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली की पूरे बाजार में हड़कंप मच गया। लेकिन हैरान करने वाली बात यह रही कि देश की राजधानी में हुई इतनी बड़ी त्रासदी के बाद भी स्थानीय प्रशासन नहीं जागा और यहां भी फायर ब्रिगेड समय पर नहीं पहुंच सकी।
होटल में भड़की आग, बाल-बाल बची जानें
प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी के अनुसार देवसर बाजार के एक व्यस्त होटल में गैस सिलेंडर लीकेज की वजह से अचानक आग भड़क उठी। देखते ही देखते लपटें इतनी तेज हो गई वहां अफरा-तफरी मच गई।
आपको बता दें कि बुधवार को दिल्ली के मालवीय नगर में भी सुबह इसी तरह एक होटल के ग्राउंड फ्लोर स्थित रेस्टोरेंट में आग लगी थी। जिसने देखते ही देखते पूरी बिल्डिंग को अपने चपेट में ले लिया था।
दिल्ली जैसी ही लापरवाही: 1 घंटे तक नहीं पहुंची फायर ब्रिगेड
दिल्ली के हादसे में भी संकरी गलियों और रेस्क्यू में देरी की बात सामने आई थी और सिंगरौली में तो फायर ब्रिगेड की बड़ी लापरवाही खुलकर सामने आ गई। घटना की तुरंत सूचना दिए जाने के काफी देर बाद तक भी फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर नहीं पहुंची।
दमकल की लापरवाही से लोगों में नाराजगी
दमकल विभाग की इस घोर लापरवाही से स्थानीय लोगों और व्यापारियों का गुस्सा फूट पड़ा। जब लोगों को लगा कि सरकारी अमला समय पर नहीं आएगा तो स्थानीय नागरिकों ने खुद अपनी जान जोखिम में डाली। लोगों ने अपने स्तर पर ही पानी, रेत और अन्य साधनों का इस्तेमाल कर आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया, जिससे एक बड़ा हादसा होने से टल गया।
नुकसान का आकलन जारी, उठे गंभीर सवाल
हादसे के बाद से ही व्यस्त देवसर बाजार क्षेत्र में लोगों की भारी भीड़ जमा है। सूचना मिलने के काफी देर बाद स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों की टीमें मौके पर पहुंचीं और राहत कार्य को पूरी तरह संभाला। इस अग्निकांड में कितने का नुकसान हुआ है, इसका आधिकारिक आकलन किया जा रहा है।
हादसे ने किए कई सवाल खड़ें
दिल्ली में 21 मासूमों की जान चली गई, जिसके बाद पूरे देश में फायर सेफ्टी को लेकर हाई अलर्ट है। ऐसे में सिंगरौली प्रशासन इतना लापरवाह कैसे हो सकता है? आखिर व्यस्त बाजार क्षेत्र में आग लगने के बाद भी फायर ब्रिगेड समय पर क्यों नहीं पहुंची? क्या प्रशासन यहां भी किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा था?

