सिरसा। प्रदेश से इस वक्त एक दुखद खबर निकलकर सामने आ रही है। प्रदेश के सबसे बुजुर्ग पूर्व विधायक सहीराम धारणिया का आज तड़के 4 बजे 104 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। उनके निधन की खबर से परिवार और राजनीतिक हल्के में शौक की लहर दौड़ गई।


सादा जीवन उच्च विचार वाले सहीराम धारणिया जनसंघ से वर्ष 1957 में अबोहर विधानसभा से विधायक बने थे। वे बिश्नोई समाज से बनने वाले पहले विधायक थे। उनका जन्म पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की बहावलपुर रियासत के तालिया गांव में हुआ था। देश बंटवारे के बाद वे भारत आ गए थे।

उन्होंने शुरुआती शिक्षा मोंगा में प्राप्त की और लाहौर पंजाब यूनिवर्सिटी से कानून की पढ़ाई की थी। लंबे समय तक वकालत करने के साथ-साथ वे समाज सेवा से भी जुड़े रहे। हिंदी आंदोलन में भाग लेने के कारण उन्हें जेल भी जाना पड़ा था।

परिवार में उनके दो बेटे, दो बेटियां और कई पौत्र-पौत्रियां हैं। उनकी पत्नी रामेश्वरी देवी का करीब 10 वर्ष पहले निधन हो चुका है। परिजनों का कहना है कि सादा जीवन, खेती-बाड़ी से जुड़ाव और चिंता मुक्त रहना ही उनकी लंबी और स्वस्थ उम्र का सबसे बड़ा कारण था।