हरियाणा के धर्मगढ़ बोहली गांव निवासी 23 वर्षीय गुरकीरत सिंह की इंग्लैंड के वार्सेस्टर शहर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने प्रधानमंत्री, विदेश मंत्री और मुख्यमंत्री से पार्थिव शरीर जल्द भारत लाने की गुहार लगाई है।
पंचकूला। गांव धर्मगढ़ बोहली निवासी 23 वर्षीय गुरकीरत सिंह की इंग्लैंड के वार्सेस्टर शहर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। बुधवार को उसका शव एक पार्क में मिला। परिवार को उसकी मौत की सूचना बुधवार शाम करीब चार बजे मिली। गुरकीरत चार साल पहले स्टडी वीजा पर इंग्लैंड गया था और दिसंबर 2025 में उसने आईआईटी की डिग्री हासिल की थी। फिलहाल वह इंग्लैंड में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहा था।
जानकारी के अनुसार, गुरकीरत पढ़ाई के साथ एक कंपनी में पार्टटाइम नौकरी भी करता था। वह रोजाना ड्यूटी खत्म करने के बाद पास के पार्क में टहलने जाता था और उसके बाद अपने कमरे पर लौट आता था। घटना वाले दिन भी वह ड्यूटी खत्म करने के बाद पार्क में गया, लेकिन फिर वापस नहीं लौटा।
देर रात तक गुरकीरत के कमरे पर नहीं पहुंचने पर उसके रूममेट को चिंता हुई। इसके बाद उसकी तलाश शुरू की गई। काफी तलाश के बाद अगली सुबह गुरकीरत का शव उसी पार्क में मिला। सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। हालांकि, अभी तक गुरकीरत की मौत के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाया है।
अगले साल जनवरी में आना था छुट्टी
परिजनों के अनुसार गुरकीरत अगले साल जनवरी में छुट्टी लेकर भारत आने वाला था। परिवार को उम्मीद थी कि वह जल्द ही घर लौटेगा, लेकिन उसकी संदिग्ध मौत की खबर से पूरा परिवार सदमे में है।
गुरकीरत के पिता सतनाम सिंह पहले करीब तीन साल तक आर्मी में हवलदार के पद पर सेवा दे चुके हैं और वर्तमान में रोडवेज में कंडक्टर हैं। उसके ताऊ लखविंदर सिंह सेना में सूबेदार के पद से और चाचा कश्मीर सिंह आर्मी में कांस्टेबल के पद से सेवानिवृत्त हैं। गुरकीरत दो भाइयों में बड़ा था। उसके दादा बेअंत सिंह किसान हैं, जबकि मां नरेंद्र कौर गृहिणी हैं।
परिवार ने सरकार से लगाई पार्थिव शरीर भारत लाने की गुहार
गुरकीरत के परिजनों ने प्रधानमंत्री, विदेश मंत्री, गृहमंत्री और मुख्यमंत्री से गुहार लगाई है कि उनके बेटे का पार्थिव शरीर जल्द से जल्द भारत लाया जाए, ताकि परिवार अंतिम दर्शन कर सके और अपने हाथों से उसका अंतिम संस्कार कर सके। परिवार ने समाजसेवियों से भी सहयोग की अपील की है।
ताऊ के बेटे को भी पुलिस ने शव देखने की अनुमति नहीं दी
परिजनों ने बताया कि इंग्लैंड पुलिस ने अभी तक उन्हें गुरकीरत का शव देखने की अनुमति नहीं दी है। इंग्लैंड में गुरकीरत के ताऊ का बेटा नवदीप सिंह और उसकी भाभी रहते हैं। वे गुरकीरत से मिलने पहुंचे थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें भी शव देखने नहीं दिया।
परिजनों का कहना है कि अभी तक गुरकीरत की मौत के कारण स्पष्ट नहीं हो पाए हैं। परिवार पुलिस जांच पूरी होने और बेटे का पार्थिव शरीर भारत लाए जाने का इंतजार कर रहा है।


