पटियाला। गांव मंडौली स्थित गुरुद्वारा साहिब एवं बड़ी सामने आई है. यहां गोलक की गिनती के दौरान मामूली विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया. झगड़ा इतना बढ़ गया कि लोग एक दूसरी की जान के दुश्मन बन गए. इस झड़प में लोगों ने एक दूसरे पर वार करने के लिए हथियार तक निकाल लिए. कुछ ने किरपान से हमला करने के बाद गोली तक चला दीं. यह विवाद तब बढ़ा जब प्रधान नायब सिंह ने एक व्यक्ति को हाथ में किरपान लिए हुए देखा तो उन्होंने सुरक्षा और मर्यादा को ध्यान में रखते हुए उन्हें बाहर रोकने की कोशिश की. इस झगड़े में इसमें गुरुद्वारा कमेटी के प्रधान समेत दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए.

हालात का जब पता भला तो लोगो ने पुलिस को इसकी सूचना दी. जिसके बाद पुलिस ने लोगों को शांत करवाया और घायलों को तुरंत राजिंदरा अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज जारी है। जानकारी मिली है कि कमलजीत सिंह कुछ दिन से परेशान थे और अक्सर गांव में किरपान लेकर घूम रहे थे. सोमवार को संक्रांति होने के कारण गुरुद्वारा साहिब में गोलक की गिनती की सेवा चल रही थी. इसी बीच कमलजीत सिंह गुरुद्वारे में पहुंचे.

प्रधान ने रोका बाहर

प्रधान नायब सिंह ने जब कमलजीत सिंह को हाथ में किरपान लिए हुए देखा तो उन्होंने सुरक्षा और मर्यादा को ध्यान में रखते हुए उन्हें बाहर रोकने की कोशिश की और घर जाने को कहा. इस बात को लेकर ही बात इतनी बढ़ गई कि कमलजीत सिंह ने गुस्से में प्रधान नायब सिंह पर किरपान से ताबड़तोड़ दो वार कर दिए, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए.

सूत्रों के अनुसार जान बचाने और आत्मरक्षा में नायब सिंह ने पिस्तौल से गोली चला दी जो कमलजीत सिंह के पेट में जा लगी. इससे पूरे परिसर में अफरा-तफरी मच गई. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस ने घायलों कमलजीत सिंह और नायब सिंह को तुरंत पटियाला के राजिंदरा अस्पताल में भर्ती कराया.