कर्ण मिश्रा, ग्वालियर। ग्वालियर की खराब सड़कों सहित गुणवत्ता जांच से पहले सड़क की मरम्मत कराए जाने के मामले में आज हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है। मामला सड़क नंबर-7, बेटी बचाओ चौराहा से गुढ़ा-गुड़ी नाका तक की सड़क से जुड़ा है। सैंपलिंग से पहले सड़क उखाड़े जाने और फिर अचानक मरम्मत शुरू होने पर हाईकोर्ट ने सवाल उठाए थे।

हाईकोर्ट में खराब सड़कों की गुणवत्ता जांच के दौरान सड़क नंबर-7 की सैंपलिंग की जानी थी। इसी बीच नगर निगम ने सड़क की खुदाई और मरम्मत शुरू करा दी। मामले में आरोप है कि करीब एक साल से खराब पड़ी सड़क की सैंपलिंग तय होने के बाद अचानक मरम्मत कराई गई। मामले को लेकर हाईकोर्ट ने पूछा था कि जब सड़क लंबे समय से खराब थी, तो सैंपलिंग तय होने के बाद अचानक मरम्मत क्यों शुरू की गई।

ये भी पढ़ें: सिंधिया परिवार की संपत्ति बंटवारे में नया मोड़: प्रतिमा देवी की आपत्ति पर दाखिल हुआ जवाब, परिवार ने पेश की फैमिली फोटो, कहा- सहमति से हुआ था समझौता

कोर्ट ने सड़क की जांच में पारदर्शिता बरतने के निर्देश भी दिए हैं। सड़क की सैंपलिंग के दौरान फोटोग्राफी और वीडियोग्राफी कराने के साथ जांच की प्रक्रिया को रिकॉर्ड में रखने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं लैब संचालक ने दबाव का हवाला देते हुए जांच से इनकार कर दिया था। नगर निगम के वकील के आग्रह पर सड़क नंबर-7 की सैंपलिंग 19 अगस्त के बजाय 20 अगस्त को कराने की अनुमति दी गई थी। लेकिन निगमायुक्त की ओर से मोबाइल व्हाटसप से आचनक सड़क की मरम्मत कराए जाने को कोर्ट ने गम्भीर मानते हुए, दी गयी अनुमति निरस्त की।

साथ ही अब 19 अगस्त को रोड के सेम्पल लिए जाएंगे। निगमायुक्त संघ प्रिय को मोबाइल के साथ आज तलब किया गया है। ऐसे में आज हाईकोर्ट में सुनवाई होगी, जहां सड़क की खुदाई, मरम्मत और सैंपलिंग से जुड़े पूरे घटनाक्रम पर कोर्ट के रुख पर नजर रहेगी।

Follow the LALLURAM.COM MP channel on WhatsApp
https://whatsapp.com/channel/0029Va6fzuULSmbeNxuA9j0m