हरियाणा के सरकारी स्कूलों में अब विद्यार्थी किताबी ज्ञान के साथ देश-दुनिया की खबरों से भी अपडेट रहेंगे। शिक्षा निदेशालय ने छात्रों में सामान्य ज्ञान और आलोचनात्मक सोच विकसित करने के लिए 'न्यूज रीडिंग' अनिवार्य कर दी है।
लक्ष्य वर्मा, करनाल। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए अब किताबी ज्ञान के साथ-साथ देश और दुनिया की समसामयिक घटनाओं से रूबरू होना अनिवार्य होगा। हरियाणा शिक्षा निदेशालय ने प्रदेश के सभी सरकारी विद्यालयों में छात्रों के लिए नियमित ‘न्यूज रीडिंग’ (समाचार पढ़ना) अनिवार्य करने के निर्देश जारी किए हैं। इस नई पहल का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों के सामान्य ज्ञान में वृद्धि करना, उनकी भाषा शैली को बेहतर बनाना और उनमें आलोचनात्मक सोच (Critical Thinking) को बढ़ावा देना है। निदेशालय के इस आदेश के बाद अब स्कूलों को अपने शैक्षणिक ढांचे में समाचार पत्र वाचन को शामिल करना होगा।
बौद्धिक विकास और भाषा कौशल पर रहेगा जोर
करनाल के जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) रोहताश वर्मा ने इस निर्देश की जानकारी देते हुए बताया कि वर्तमान दौर में समाचार पत्र सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक समझ विकसित करने का सबसे सशक्त माध्यम हैं। नियमित रूप से अखबार पढ़ने से न केवल छात्रों की शब्दावली (Vocabulary) मजबूत होगी, बल्कि उनकी जटिल विषयों को समझने और विश्लेषण करने की क्षमता में भी उल्लेखनीय सुधार होगा। विभाग का मानना है कि इस अभ्यास से छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए भी मानसिक रूप से तैयार हो सकेंगे और समाज के प्रति उनकी संवेदनशीलता बढ़ेगी।

