हरियाणा के 1100 श्रद्धालुओं ने गुजरात के सोमनाथ मंदिर में भव्य महाआरती में भाग लिया। मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत इन भक्तों को विशेष सुविधाएं दी गई हैं।
कृष्ण कुमार सैनी, चंडीगढ़। गुजरात के पवित्र सोमनाथ धाम में बुधवार को हरियाणा की आस्था, श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला, जब प्रदेश के 23 जिलों से पहुंचे लगभग 1100 श्रद्धालुओं ने हाथों में दीपक जलाकर भगवान सोमनाथ की महाआरती में भाग लिया। अरब सागर की गर्जती लहरों के बीच दीपों की रोशनी और “हर-हर महादेव” के जयघोष से पूरा मंदिर परिसर भक्तिमय माहौल में डूब गया। महाआरती का दृश्य इतना मनोहारी था कि श्रद्धालु खुद को एक दिव्य अनुभूति से जुड़ा महसूस करते नजर आए।
मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के अंतर्गत हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी द्वारा 8 जून को कुरुक्षेत्र से हरी झंडी दिखाकर रवाना की गई स्पेशल ट्रेन के माध्यम से पहुंचे श्रद्धालुओं ने बुधवार को प्रथम ज्योतिर्लिंग भगवान सोमनाथ के दर्शन किए। गुजरात सरकार और सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट की ओर से श्रद्धालुओं के लिए विशेष वीआईपी व्यवस्था की गई थी, जिसके तहत जलाभिषेक, दर्शन, भोजन, ठहरने और परिवहन की समुचित सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं। श्रद्धालुओं ने शिवलिंग पर जलाभिषेक कर प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
महाआरती के दौरान लगभग 1100 श्रद्धालुओं ने हाथों में जलते दीप लेकर 22 मिनट तक चली विशेष आरती में सहभागिता की। इसके बाद श्रद्धालुओं को 45 मिनट के लाइट एंड साउंड शो के माध्यम से श्री सोमनाथ मंदिर के हजारों वर्षों के गौरवशाली इतिहास, विदेशी आक्रांताओं द्वारा किए गए विध्वंस और मंदिर के पुनर्निर्माण की प्रेरणादायक गाथा से रूबरू कराया गया। शो में आजादी के बाद मंदिर के जीर्णोद्धार और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए सोमनाथ स्वाभिमान पर्व से जुड़े प्रयासों को भी दर्शाया गया।
सूचना, जन संपर्क एवं भाषा विभाग, हरियाणा के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की ओर से भेजे गए स्मृति चिह्न और शॉल सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किए। मंदिर ट्रस्ट की ओर से आरती के दौरान हरियाणा प्रदेश की खुशहाली और समृद्धि के लिए विशेष प्रार्थना की गई। श्रद्धालुओं को सोमनाथ मंदिर के आसपास स्थित अन्य धार्मिक स्थलों के दर्शन भी करवाए गए, जबकि सभी श्रद्धालुओं ने गुजरात सरकार और मंदिर ट्रस्ट द्वारा की गई व्यवस्थाओं की खुले दिल से सराहना की।

